रखरखाव की कमी से लाखों की पशुचारा मशीन हो रही बर्बाद, सरकार की महत्वाकांक्षी योजना तोड़ रही दम

खोदावंदपुर प्रखंड मुख्यालय में खुले आसमान के नीचे रखी लाखों की पशुचारा मशीन

लाइव सिटीज, बेगूसराय: प्रखंड क्षेत्र के पशुपालकों की सुविधा के लिए सरकार द्वारा प्रखंड पशुपालन विभाग को दी गई लाखों रुपये मूल्य की पशुचारा मशीन कबाड़ बनती जा रही है. साथ ही, आपातकाल में पशुचारा को सुरक्षित रखने के उद्देश्य से बनवाया जा रहा पशु चारा बैंक भी अर्द्धनिर्मित है. इलाके के किसानों व पशुपालकों का कहना है कि विभागीय लापरवाही के कारण सरकार की महत्वाकांक्षी योजनाएं खोदावंदपुर में दम तोड़ रही है.

जानकारी के अनुसार बाढ़ या सुखाड़ की स्थिति में क्षेत्र के पशुपालकों को पशुचारा उपलब्ध कराने के लिए खोदावंदपुर प्रखंड मुख्यालय में दो पशुचारा बैंक का निर्माण कराया जाना था. कई वर्ष पूर्व पशुचारा बैंक भवन का निर्माण कार्य शुरू हुआ. परंतु, आज तक यह निर्माण कार्य अधूरा पड़ा हुआ है. पशुचारा को काटकर उसकी लुगदी बनाने के उद्देश्य से लगभग साढ़े चौदह लाख रुपये लागत की पशुचारा मशीन पशुपालन विभाग के द्वारा मुहैया करायी गयी थी.

प्रखंड में पदस्थापित पशुपालन विभाग के अधिकारी की लापरवाही के कारण रखरखाव के अभाव में लाखों रुपए की यह मशीन कबाड़ बनती जा रही है. संबंधित अधिकारियों की अकर्मण्यता के कारण ही पशुपालकों के हित के लिए सरकार द्वारा चलायी गयी इस महत्वपूर्ण योजना का लाभ क्षेत्र के पशुपालकों को नहीं मिल पा रहा है.

यह मशीन खुले आकाश के नीचे पड़ी है. इस संबंध में पूछने पर विभाग के अधिकारी कुछ भी बताने से इनकार कर पशुपालकों की समस्या के निदान के सवाल पर पल्ला झाड़ रहे हैं. प्रखंड पशु चिकित्सा अधिकारी डॉ. विजय कुमार ने कहा कि पशुचारा बैंक भवन का निर्माण ग्रामीण विकास अभिकरण ने शुरू कराया था. अब तक निर्माण कार्य अधूरा पड़ा है. अधूरे पड़े कार्य को पूरा करने के लिए विभाग से कई बार पत्राचार किया गया लेकिन अब तक निर्माण कार्य पूरा नहीं हो पाया है.