बिहार में NRC और CAA लागू ना हो, दो बेहतरीन तरीके बता रहे हैं प्रशांत किशोर

लाइव सिटीज डेस्क: बिहार में एनआरसी और सीएए पर चल रहे विरोध पर अब जदयू के प्रशांत किशोर ने रोक लगाने का तरीका बताया है. प्रशांत किशोर ने अपने ट्विटर हैंडल पर NRC और CAA को लागू नहीं करने को लेकर दो बेहद ही बेहतरीन तरीके बता दिए हैं. आपको बता दें कि प्रशांत किशोर ने इसके पहले दो बार NRC और CAA पर अपनी प्रतिक्रिया दी थी. उन्होंने इसको लेकर बिहार के सीएम नीतीश कुमार से भी मुलाक़ात की थी. जिसके बाद सीएम ने भी इस बात का एलान कर दिया था कि बिहार में NRC लागू नहीं होगा.

इसके पहले प्रशांत किशोर ने ट्वीट कर कहा कि नागरिकता संशोधन बिल का समर्थन करने से पहले जेडीयू नेतृत्व को उन लोगों के बारे में एक बार जरूर सोचना चाहिए, जिन्होंने 2015 में उन पर विश्वास और भरोसा जताया था. उन्होंने आगे लिखा कि हमें नहीं भूलना चाहिए कि 2015 की जीत के लिए पार्टी और इसके प्रबंधकों के पास जीत के बहुत रास्ते नहीं बचे.



बता दें कि लोकसभा में नागरिकता संशोधन बिल पास होने के बाद भी प्रशांत किशोर ने ट्विटर पर विरोध जताया. उन्होंने कहा था कि इस बिल का समर्थन निराशाजनक है, जो धर्म के आधार पर भेदभाव करता है. यह जदयू के संविधान से मेल नहीं खाता, जिसके पहले पन्ने पर ही 3 बार धर्मनिरपेक्ष लिखा है. हम गांधी की विचारधारा पर चलने वाले लोग हैं.

बीते दिनों राजद ने बिहार बंद का आह्वाहन किया था. जिसको सफल बनाने के लिए नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने अपने समर्थकों से शांतिपूर्ण तरीके से बंद को सफक्ल बनाने की अपील की थी. लेकिन हुआ ठीक इसके विपरीत ही. कुछ जगहों को छोड़ दिया जाये तो कई इलाकों में तोड़- फोड़ और फायरिंग की घटना को अंजाम दिया गया.