लोजपा में टूट के बाद आरसीपी सिंह ने चिराग पासवान पर कसा तंज, कहा- जो बोइएगा, वही काटिएगा

लाइव सिटीज, सेंट्रल डेस्क: लोजपा में सांसदों की बगावत पर चौतरफा बयानबाजी जारी है. जदयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष आरसीपी सिंह ने भी इसको लेकर चिराग पासवान पर तंज कसा है. उन्होंने कहा कि बिना मेहनत का पद मिलता है तो उसे पचाना आसान नहीं होता. उन्होंने साथ ही कहा कि ‘जो बोइएगा, वही काटिएगा.’आरसीपी सिंह ने कहा कि NDA में दो दल है, एक बीजेपी और जेडीयू. चिराग पासवान के गलतियों पर आरसीपी सिंह ने कहा कि जो जैसा करेगा उसे वैसा फल मिलेगा. चिराग के खिलाफ पार्टी में विरोध चरम सीमा पर था. आरसीपी सिंह ने कहा सुबह में कुछ और शाम में कुछ, इससे लम्बी राजनिती नहीं चलती है. लम्बे रेश के घाड़ा को संभल-संभल कर चलना पड़ता है.

जदयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष आरसीपी सिंह ने कहा कि रामविलास पासवान एक अच्छे नेता थे. 2019 चुनाव में साथ लड़कर हमने 39 सीटें जीती थी. लेकिन विधानसभा चुनाव में लोजपा ने अलग रुख कर लिया. पार्टी के लोग चिराग से नाराज थे. इसलिए उन्होंने यह फैसला किया. लंबे रेस का घोड़ा बनने के लिए स्थिर होना होता है. सुबह में कुछ शाम में कुछ नहीं चलेगा.

बता दें की लोक जनशक्ति पार्टी में दरार पड़ गई है. पार्टी के अंदर सांसदों ने तख्तापलट कर दिया है. लोजपा के सांसदों ने पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष चिराग पासवान से बगावत कर दी है. लोजपा के 6 में से 5 सांसदों ने चिराग को संसद के निचले सदन में पार्टी के नेता के पद से हटाने और उनके चाचा पशुपति कुमार पारस को इस पद पर चुनने के लिए हाथ मिला लिया है. इस पर अब चिराग पासवान के चाचा और सांसद पशुपति कुमार पारस बैठेंगे. चिराग से बगावत करने वाले सांसदों ने उनके चाचा पशुपति कुमार पारस को अपना नेता मान लिया है.