दिल्ली महाराष्ट्र और गुजरात से आने वाले प्रवासियों के लिए प्रखंड स्तरीय क्वॉरेंटाइन सेंटर में होगी व्यवस्था

लाइव सिटीज, सेंट्रल डेस्क : जिलाधिकारी डॉ. नवल किशोर चौधरी की अध्यक्षता में सभी प्रखंड स्तरीय पदाधिकारियों की मीटिंग वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए हुई. जिसमें बताया गया कि दिल्ली, महाराष्ट्र और गुजरात से आने वाली प्रवासियों के लिए प्रखंड स्तरीय क्वॉरेंटाइन सेंटर में व्यवस्था की जाएगी. देश के विभिन्न राज्यों को ए बी एवं सी वर्ग में बांटा गया है. उन राज्यों से आने वाले लोगों को क्वॉरेंटाइन सेंटर में रखने का निर्देश दिया गया है. जिसमें दिल्ली, महाराष्ट्र और गुजरात से आने वाले लोगों के लिए प्रखंड स्तरीय क्वॉरेंटाइन सेंटर में व्यवस्था की जाएगी. जबकि हरियाणा उत्तर प्रदेश, पश्चिम बंगाल एवं तमिलनाडु से आने वाले लोगों के लिए पंचायत स्तरीय क्वॉरेंटाइन सेंटर में व्यवस्था की जाएगी. जिसकी देखरेख और उत्तरदायित्व मुखिया सरपंच और पैक्स अध्यक्ष को दी गई है. इन सात राज्यों को छोड़कर अन्य सभी राज्यों से आने वाले प्रवासियों के लिए प्रत्येक गांव में चिन्हित क्वॉरेंटाइन सेंटर मे व्यवस्था की जाएगी. जिसकी देखरेख की जिम्मेदारी संबंधित वार्ड सदस्य एवं पंच को दी गई है.

प्रधानाध्यापक को दी गई जिम्मेदारी

पंचायत और ग्राम स्तरीय क्वॉरेंटाइन सेंटर के प्रभारी संबंधित विद्यालय के प्रभारी प्रधानाध्यापक होंगे. जिनका दायित्व क्वॉरेंटाइन सेंटर में साफ सफाई की व्यवस्था और रसोईया के माध्यम से भोजन इत्यादि बनवाना सुनिश्चित करेंगे. सभी थानाध्यक्ष अपने प्रखंड विकास पदाधिकारी से समन्वय स्थापित करते हुए अपने क्षेत्र अंतर्गत सभी पंचायत ग्राम स्तरीय क्वॉरेंटाइन सेंटर पर चौकीदार दफादार की प्रतिनियुक्ति सुनिश्चित करेंगे. इसके अलावा कम से कम दो बार पुलिस पदाधिकारी क्वॉरेंटाइन सेंटर पर गश्त करेंगे.

प्रवासियों के आने की देनी होगी सूचना

जिला पंचायती राज पदाधिकारी त्रिस्तरीय पंचायत के सभी प्रतिनिधियों को अपने स्तर से इस आशय का पत्र निर्गत करेंगे. दूसरे राज्यों से आने वाले प्रवासी मजदूरों को सीधे अपने गांव आने की स्थिति में अविलंब इसकी सूचना संबंधित अनुमंडल पदाधिकारी, प्रखंड विकास पदाधिकारी, अंचलाधिकारी एवं थानाध्यक्ष को देना सुनिश्चित करेंगे. सरकार के निर्देशानुसार प्रत्येक पंचायत के सभी परिवार को मास्क सैनिटाइजर एवं हाथ धोने हेतु साबुन उपलब्ध कराया जाना है. इसके लिए सभी प्रखंड विकास पदाधिकारियों से पंचायत वार सूची उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया है.