भाजपा नेता राकेश सिंह को हत्या की धमकी, खुद को DIG बताकर कहा – गोली मार देंगे

लाइव सिटीज, पटना : बिहार में अपराधियों के लिए बहार है. आए दिन किसी नेता, बिल्डर, कारोबारी की हत्या हो रही है. पुलिस प्रशासन हर वारदात के बाद ‘अपराधियों को जल्द पकड़ लेंगे’ जैसी रूटीन बातें कर आगे बढ़ जा रहा है. हाल ही में पटना के बड़े कारोबारी और भाजपा नेता गुंजन खेमका की हाजीपुर में दिनदहाड़े हत्या हुई है. इसके बाद अब भाजपा के एक नेता को सरेआम जान से मारने की धमकी दी गई है. भाजपा नेता राकेश सिंह को यह धमकी शुक्रवार को मिली है. कॉल करने वाले ने खुद को डीआईजी बता कर उन्हें गोली मारने की बात कही है.

भाजपा के राज्य कार्यकारिणी सदस्य राकेश सिंह ने इस धमकी की कंप्लेंट पटना के सचिवालय थाने में दर्ज कराई है. सचिवालय थाने की पुलिस ने केस संख्या 207/18 दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है. पुलिस ने शुरुआती जांच में धमकी देनेवाले शख्स मोबाइल नंबर की जांच कर उसकी पहचान करने में कामयाबी हासिल कर ली है. उक्त आरोपी पटना के सलीमपुर थाना के अंतर्गत काला दियारा का रहने वाला है. उसका नाम जितेंद्र कुमार है. पुलिस के अनुसार यह व्यक्ति चार्जशीटेड अपराधी है और कई मामलों में वांटेड है.

मिली जानकारी के अनुसार आरोपी जितेंद्र कुमार पर सलीमपुर, खुसरूपुर और बख्तियारपुर थानों में कुल 5 मामले दर्ज हैं. इसके खिलाफ पुलिस ने गिरफ्तारी वारंट भी जारी किया हुआ है. पुलिस ने आरोपी के खिलाफ भाजपा नेता की कंप्लेंट पर आईपीसी के सेक्शन 419, 504 और 506 के तहत मामला दर्ज कर कारवाई शुरू कर दी है.

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राकेश सिंह ने धमकी के इस पूरे प्रकरण पर लाइव सिटीज से बात की. उन्होंने कहा कि जिस तरह से धमकी दी गई है, उससे लगता है कि अपराधियों को किसी का डर नहीं है. उन्होंने अपनी प्राथमिकी में कहा है कि आरोपी ने फोन पर खुद को डीआईजी बताया. जब उन्होंने पूछा कि आप कहां के डीआईजी हैं तो उसने गालियां देते हुए गोली मारने की बात की. राकेश सिंह के अनुसार उन्हें पहले ही जान का खतरा था, जिसके बाद उन्हें सरकार द्वारा सुरक्षा मुहैया कराई गई थी. उन्हें 3 बॉडीगार्ड दिए गए थे. लेकिन उन्हें साल 2017 में वापस ले लिया गया था.

सिंह ने बताया कि इसके बाद से खुद के लिए सुरक्षा की मांग करते हुए उन्होंने राज्य सरकार से लेकर केंद्र सरकार के गृह मंत्रालय तक फरियाद की है. लेकिन सुरक्षा वापसी के 14 महीने बीत जाने के बाद भी आज तक उन्हें बॉडीगार्ड उपलब्ध नहीं कराया गया. उन्होंने कहा कि 14 महीने के दौरान गृह मंत्रालय से बिहार पुलिस को कई बार रिमाइंडर भी भेजा जा चुका है, लेकिन मुझे सुरक्षा मुहैया कराने के लिए कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है. कुछ दिन पहले ही भाजपा के एक नेता और कारोबारी गुंजन सिंह का की सरेआम हत्या हुई है. इसके बाद मुझे जान की धमकी दी गई है. इससे मैं और मेरा परिवार दहशत में है. अगर इस दौरान मेरे साथ या मेरे परिवार के किसी सदस्य के साथ कोई भी वारदात होती है, तो उसके लिए बिहार सरकार में बैठे लोग ही जिम्मेवार होंगे.