पूर्व सीएम जीतन राम मांझी छोड़ सकते हैं NDA, सीट को लेकर बढ़ रही ‘तकरार’

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जीतन राम मांझी (फाइल फोटो)

लाइव सिटीज डेस्क :  बिहार में उप चुनावों की तारीख आते ही सीटों के लिए घमासान शुरू हो गया है. लोकसभा और विधानसभा के उपचुनाव को लेकर खीचतान का खेल शुरू हो गया है. 11 मार्च को बिहार की खाली पड़ी तीन सीटों के लिये वोट डाले जायेंगे. इन तीन सीटों में सबसे ज्यादा विवाद जहानाबाद सीट को लेकर है. इस सीट पर महागठबंधन की तरफ से तो अब तक किसी नाम को लेकर दावेदारी नहीं की गई है लेकिन एनडीए के घटक दल अपनी-अपनी दावेदारी ठोकने लगे हैं.

उपचुनाव में जहानाबाद विधानसभा की सीट को लेकर बीजेपी और आरएलएसपी आमने-सामने आ गए हैं तो मांझी ने शनिवार को साफ कर दिया कि ये सीट उनकी है, यानि की वो इस सीट से अपने उम्मीदावर को खड़ा करेंगे. उन्होंने यह भी साफ़ कर दिया गया है कि यदि उनकी बात नहीं मानी गई तो वह एनडीए से अलग होने का भी मन बना चुके हैं. जहानाबाद सीट पर दावेदारी ठोकने के बाद हम नेता ने शनिवार को बड़ा बयान देते हुए कहा कि 8 अप्रैल के बाद हम की अलग राह होगी. जहानाबाद विधानसभा से राजद के मुद्रिका सिंह यादव विधायक थे जिनके निधन के बाद ये सीट खाली हुई.

इस सीट से राजद उनके बड़े बेटे सुदय यादव को ही प्रत्याशी बनाने की तैयारी में है लेकिन इस सीट को लेकर एनडीए में सबसे ज्यादा मारामारी है. एनडीए के घटक आरएलएसपी की तरफ से रामजतन सिन्हा की चर्चा जोरों पर है तो विधानसभा चुनाव में रालोसपा के प्रवीण सिंह की भी दावेदारी प्रबल है. दूसरी ओर जहानाबाद सीट पर मांझी ने दावा ठोक कर एनडीए को सकते में डाल दिया है.

मांझी ने शनिवार को कहा कि ये सीट हम को मिले क्योंकि वहां हमारी पार्टी सबसे ज्यादा मजबूत है. मांझी ने कहा कि एनडीए को हमने इस सीट पर अपने दावे को बता दिया है और हमें एनडीए के निर्णय का इंतजार है. मांझी ने कहा कि मेरी मौजूदगी के बिना जहानाबाद में किसी की जीत नहीं होगी. तीनों सीटों पर RJD लड़ेगा चुनाव, जहानाबाद सांसद अरुण कुमार को RLSP की दावेदारी पर एतराज

मांझी ने कहा कि एनडीए मेरे लिए फैसले को लागू करे वरना 8 अप्रैल के बाद से मेरी पार्टी की एनडीए से राह अलग होगी. मांझी ने इसके साथ ही पार्टी के अकेले चुनाव लड़ने की भी बात को दुहराया. राजद के साथ जाने के सवाल पर मांझी ने कहा कि हमें किसी दल से कोई गुरेज नहीं है. जो मेरी शर्तों को मानेंगे हम उसके साथ हैं. उन्होंने कहा कि मुझे राजद से भी कोई गुरेज नहीं है. मालूम हो कि मांझी बिहार की राजनीति में इन दिनों लगातार प्रेशर पॉलिटिक्स कर रहे हैं.

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