बोले नीरज कुमार- तेजस्वी जी, शहीद पुलिस के जवानों पर राजनीति मत कीजिए

नीरज कुमार, प्रवक्ता, जदयू(फाइल फोटो)

लाइव सिटीज, पटना : जनता दल (युनाइटेड) के प्रवक्ता और विधान पार्षद नीरज कुमार ने बिहार विधानसभा में विपक्ष के नेता और पूर्व उपमुख्यमंत्री तेजस्वी यादव को शहीद पुलिसकर्मियों पर राजनीति नहीं करने की नसीहत दी  है. उन्होंने कहा कि इन शहीदों का आप सम्मान नहीं कर सकते तो कम से कम अपमान मत कीजिए. तेजस्वी जी, पुलिस के जवान अपनी बेनामी संपत्ति बचाने के लिए नहीं, बल्कि  समाज और देश की सुरक्षा और अपने कर्तव्यों के पालन करने के लिए शहीद होते  हैं. इन पुलिसकर्मियों के बलिदान पर कम से कम राजनीति नहीं की जानी चाहिए.

बलिदान देने वाले इन पुलिसकर्मियों का नमन

किसी भी समय में पुलिस के जवान अपनी जान की बाजी लगाकर समाज और नागरिकों  की सुरक्षा में जुटे रहते हैं, जिस दल की भी सरकार बिहार में रही है. परंतु अपने बलिदान देने वाले इन पुलिसकर्मियों का नमन है. वैसे, जद (यू) का उद्देश्य इन मुद्दों पर कभी भी राजनीति करने का नहीं रहा है. परंतु आपकी जानकारी के लिए बता दूं कि 1996-1998 के दौरान नरसंहार की चार घटनाओं में 11 पुलिसकर्मी शहीद हुए थे.

बलिदान पर राजनीति करना उचित नहीं

22 जनवरी 1996 में गया जिले के टेकारी में अपने कर्तव्यों के निर्वहन करते हुए सात पुलिसकर्मी शहीद हुए थे, जबकि 1 फरवरी 1997 को पटना जिले के जलपुरा में एक पुलिसकर्मी तथा 17 सितंबर 1998 को गया जिले के पंचशीला पहाड़ पर दो पुलिसकर्मियों ने अपनी कुर्बानी दी थी. 6 फरवरी 1999 को पटना के चकिया में सीआरपीएफ के चालक शहीद हुए थे. तेजस्वी जी, इन सभी पुलिसकर्मियों के बलिदान ने ही हमें सुरक्षित रखा है. इस कारण इनके बलिदान पर राजनीति करना उचित नहीं. याद कीजिए, 1996-98 के बीच बिहार में राजद का ही शासनकाल था.

पूर्व उपमुख्यमंत्री जी पुलिस के जवान मारे नहीं जाते बल्कि शहीद होते  हैं. ये पुलिस के जवान कम उम्र में अवैध संपत्तियों के मालिक नहीं बन  जाते, ये जाबांज जवान हमें सुरक्षा प्रदान करने के लिए ही अपनी जान कुर्बान करते हैं. आप अब भी अपने ट्वीट में खगड़िया में शहीद हुए थाना प्रभारी के लिए ‘मारे गए’ शब्दों के डिलीट कर दीजिए.

तेजस्वी के ट्वीट पर जदयू ने समझा दिया बगुला और कौए का अंतर, पिता जेल में बेटा कोर्ट में…

RERA Approved वीआईपी रेजीडेंसी हो चला तैयार, अभी बुकिंग पर Alto Car फ्री

Be the first to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published.


*