पटना सहित बिहार के कई शहरों में आयकर विभाग की 30 टीमों का छापा, नकद, आभूषण सहित अन्य कागजात बरामद

लाइव सिटीज, सेंट्रल डेस्क: बिहार में विधानसभा का चुनाव चल रहा है. इस दौरान आयकर विभाग भी लगातार अवैध रुपयों पर नजर बना रखा है. आयकर विभाग राज्य में हो रहे विधानसभा चुनाव के दौरान लगातार सर्च और सर्वे की कार्रवाई कर रहा है. इसी क्रम में विभाग की 30 टीमों ने गुप्त सूचना के आधार पर राज्य के विभिन्न शहरों में सर्च ऑपरेशन चलाया. इस दौरान विभाग ने करोड़ों के आभूषण, नकद रुपये, जमीन के कागजात आदि जब्त किया.

आयकर विभाग ने बिहार के पटना, भागलपुर, हिलसा, गया, पूर्णिया और गया में छापेमारी की. आयकर विभाग की टीम से जो जानकारी प्राप्त हुई, उसके मुताबिक टीम ने कई दिनों से इस कार्रवाई में जुटी है. यह अभियान गुरुवार से चालू है. इसी क्रम में इनकम टैक्स की टीम ने कारोबारी और सरकारी कार्यों के लिए काम करने वाले ठेकेदारों के खिलाफ सर्च ऑपरेशन शुरू किया है. इस दौरान लगातार अवैध रुपयों और संपत्ति को जब्त किया जा रहा है. बता दें कि  सरकारी काम करने वाले ठेकेदारों और स्टोन चिप्स कारोबारियों के यहां 4 सर्च ऑपरेशन और 8 सर्वे की कार्रवाई की गई है.



इसके अलावा आयकर विभाग की टीम ने पटना में एक कारोबारी के राजधानी पटना के पांच अड्डों पर छापेमारी की. जिस इलाके में छापा मारा गया है, उसमें फ्रेजर रोड, दीघा रोड, कदमकुआं, हनुमान नगर शामिल है. इन इलाकों के कार्यालय, आवास और फैक्ट्री की जांच की गई. इस दौरान भारी संख्या में नकदी और करोड़ों के लेन देन के साथ बैंक के खाते के की जांच की गई.

आयकर विभाग की टीम ने नालंदा की एक कंपनी पटना और हिलसा स्थित 9 ठिकानों पर भी तलाशी ली. बता दें कि ये दोनों एजेंसी राज्य सरकार के विभिन्न विभागों की कई योजनाओं का काम करती हैं, जिसमें नल-जल योजना भी शामिल है. विभाग के सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार कंपनी के मालिक के घर व कार्यालय की तलाशी ली गई है. सर्च टीम को इनके यहां से भी नकदी, करोड़ों रुपए के लेनदेन के दस्तावेज मिले हैं. साथ ही ज्वेलरी व जमीन के दस्तावेज मिले हैं.

सर्च टीम ने भागलपुर, पूर्णिया और कटिहार में भी अलग-अलग स्थानों पर दो सरकारी ठेकेदारों के यहां भी कार्रवाई की. यहां से तलाशी के दौरान 50 लाख से अधिक की नकदी देर शाम तक मिल चुकी थी. टीम को इसके यहां से ज्वेलरी, जमीन और बचत योजनाओं में निवेश के दस्तावेज मिले हैं. उसके अलावा गया में स्टोन चिप्स के आठ कारोबारियों के यहां अलग अलग स्थानों पर सर्वे की कार्रवाई की गई.