मातम में बदला छठ पर्व, समस्तीपुर में तीन तो अररिया में एक की डूबने से मौत

समस्तीपुर/रोसड़ा(राजू गुप्ता) : उगते सूर्य भगवान को अर्घ्य के साथ लोक आस्था का महापर्व छठ संपन्न हुआ. लेकिन छठ की खुशियां बिहार के कई जिलों में मातम में बदल गई. बता दें कि छठ पूजा के चौथे दिन सुबह सूर्य भगवान को अर्घ्य देकर छठ व्रत पूरा किया जाता है. इसी को लेकर लोग घाटों पर जाते हैं.

समस्तीपुर के अनुमंडल क्षेत्र के विभूतिपुर थाना क्षेत्र में एक सगी भाई-बहन की मौत आज शुक्रवार की सुबह में अर्ध्य देने के समय तालाब में डूबने से हो गयी है. इस दर्दनाक हादसा से पूरा माहौल खुशी से गम में बदल गया. डूबे दोनों सगे भाई-बहन को ग्रामीणों ने तालाब से निकालकर स्थानीय पीएचसी लाये. जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया.

पुलिस शव को पोस्टमार्टम में भेजने की तैयारी में लगी है. दोनों मृत बच्चे विभूतिपुर थाना क्षेत्र के आलमपुर चौक निवासी विजय कुमार के बताए गए है. पुत्र रवि कुमार उर्फ गोपी जिसकी उम्र 13 वर्ष एवं पुत्री काजल कुमारी उम्र 10 वर्ष बताया गया है.

मिली जानकारी के अनुसार अर्घ्य देने के लिए दोनों भाई बहन तालाब में नहाने लगे थे. गहरे पानी मे चले गए थे. जिसके चलते बहन पानी मे डूबने लगी. साथ मे नहा रहे भाई ने देखा कि बहन पानी में डूब कर रही है तो भाई भी आगे बढ़कर डूबते बहन को बचाने गया. बचाने के क्रम में दोनों सगे भाई-बहन पानी मे डूब गए. लोगों ने डूबे दोनों-भाई बहन को तालाब से निकालकर पीएचसी ले गए.जहां मृत घोषित कर दिया गया.

समस्तीपुर में ही दलसिंहसराय के केवटा में आज सुबह एक 18 वर्षीय युवती की डूबने से मौत हो गई. युवती सुबह-सुबह अर्घ्य देने के लिए घाट पर पहुंची थी. इसके अलावा अररिया शहर के एबीसी नहर छठ घाटों पर एक 14 वर्षीय दिलीप कुमार की भी पानी में डूबकर मौत हो गई. दिलीप कुमार ओम नगर वार्ड नं8 का निवासी है, जो कि अभी तक बच्चा लापता है. बच्चे का शव पानी में खोजा जा रहा है जो कि अब तक नहीं मिला है नहीं पाया है.