हाईकोर्ट : विधायक मेवालाल चौधरी की जमानत पर आज नहीं हो सकी सुनवाई

पटना (एहतेशाम अहमद) : मुुंगेर के तारापुर से जदयू विधायक एवं बिहार कृषि विश्वविद्यालय सबौर के तत्कालीन वीसी मेवालाल चौधरी की अग्रिम जमानत याचिका पर सुनवाई मंगलवार को पटना उच्च न्यायालय में टल गयी. न्यायाधीश राजेंद्र कुमार मिश्रा के एकलपीठ ने विधायक मेवालाल चौधरी की ओर से दायर अग्रिम जमानत याचिका पर मंगलवार को सुनवाई होनी थी.

गौरतलब है कि वर्तमान में तारापुर से जदयू के विधायक मेवालाल चौधरी पर बिहार के तत्कालीन राज्यपाल रामनाथ कोविंद के आदेश पर बिहार कृषि विश्वविद्यालय सबौर के वीसी डॉ अजय कुमार सिंह ने सबौर थाने में प्राथमिकी दर्ज करवाई थी. मेवालाल चौधरी के ऊपर सबौर थाना में कांड संख्या 35/2017 भादवि की धारा 409, 420, 467, 468, 471, 120 बी के अंतर्गत मामला दर्ज किया गया था.

दर्ज प्राथमिकी में मेवालाल चौधरी के ऊपर साल 2012 में 161 सहायक प्राध्यापक और कनीय वैज्ञानिकों की भर्ती में धांधली का आरोप लगाया गया था. साथ ही साथ उन पर आरोप लगाया गया कि योग्य अभ्यर्थियों को साक्षात्कार और प्रोजेक्ट में कम अंक देकर उन्हें अयोग्य करार दिया. आरोप यह भी लगा कि इस नियुक्ति में 15 से 20 लाख रुपये की बोली लगाई गई थी, जिसके कारण कम योग्यता वाले अभियार्थियों नियुक्त किया गया. इस प्राथमिकी के दर्ज होते ही उन पर गिरफ्तारी की तलवार लटक रही है.

याचिकाकर्ता की ओर से अदालत को बताया गया था कि वर्तमान जदयू विधायक और पूर्व वीसी डॉ मेवालाल चौधरी को इस मामले में फंसाया जा रहा है, क्योंकि यह नियुक्ति 20 साक्षात्कार कमेटियों के जरिये 161 अभ्यर्थियों को चयनित किया गया था. इनमें विश्वविद्यालय के 30 से ज्यादा वरीय अधिकारी इसमें शामिल थे. इस नियुक्ति में याचिकाकर्ता की कोई भूमिका नहीं है, वह सिर्फ इस कमिटी के अध्यक्ष थे, जबकि इसमें पूरी तरह से एक एक्सपर्ट की कमिटी थी.