हैकर्स से लोहा लेगा बिहार, आईटी मंत्री सुशील मोदी ने लांच किया बिहार क्लाउड

पटना (नियाज आलम) : आईटी के क्षेत्र में बिहार को दूसरे राज्यों के समकक्ष बनाने के लिए नई सरकार जुट गई है. सरकारी डाटा को सुरक्षित रखने और उसके दुरोपयोग से बचाने के साथ हैकर्स से लोहा लेने के लिए सरकार ने कमर कस ली है. इसी क्रम में गुरुवार को डिप्टी सीएम व आईटी मंत्री सुशील मोदी मे बेलट्रान भवन में बिहार प्राइवेट क्लाउड के नाम से राज्य का अपना आईटी क्लाउड लांच किया.

इस अवसर पर आईटी मंत्री ने कहा कि हम सब जानते हैं कि हम जो भी डाटा इस्तेमाल करते हैं वह कहीं और क्लाउड पर जमा होता है, लेकिन उसका उपयोग या दुरुपयोग हो रहा है, इसकी जानकारी नहीं है. उन्होंने कहा कि इसी बात को ध्यान में रखते हुए सरकार ने अपना क्लाउड लांच किया है ताकि सरकारी डाटा को पूरी तरह सुरक्षित रखा जा सके. उन्होंने बताया कि बिहार क्लाउड के अंतर्गत विभिन्न प्रकार की सेवाएं उपलब्ध कराई का रही है, इनमें वेबसाइट होस्ट, एप्लीकेशन होस्ट, डोमेन निबंधन सेवा, डाटाबेस होस्टिंग, फ्री सोर्स साफ्टवेयर सपोर्ट आदि शामिल है.

उन्होंने कहा कि अब सरकारी विभागों को अलग-अलग स्टोरेज व सर्वर खरीदने की ज़रूरत नहीं पड़ेगी. इससे आईटी पर खर्च होने वाले धन की बचत होगी. इस प्लेटफार्म के बनने के बाद अब डाटाबेस का इंटीग्रेशन तथा माइग्रेशन संभव हो पायेगा. इसके तहत एप्लीकेशन का 24 घंटे लगातार इस्तेमाल किया जा सकेगा. उन्होंने यह भी बताया कि क्लाउड कंप्यूटिंग का इंफ्रास्ट्रक्चर कार्यान्वित होने के बाद से अभी तक 17 विभागों से 25 वेबसाइट व पोर्टल को होस्ट करने का अनुरोध किया गया है, जिसको विभाग द्वारा सहमति दी जा चुकी है.

बिहटा में आईटी पार्क तो पटना में बनेगा आईटी टावर

आईटी मंत्री सुशील मोदी ने कहा कि बिहार में आईटी के क्षेत्र में काम तो हुआ है लेकिन हम आज भी दूसरे प्रदेशों से पीछे हैं. उन्होंने कहा की आने वाले समय में राज्य आईटी के क्षेत्र में किसी भी प्रदेश से पीछे नहीं रहेगा. उन्होंने कहा कि बिहटा में 25 एकड़ में आईटी पार्क का निर्माण किया जाएगा, जिसके लिए ज़मीन अधिग्रहण का काम लगभग पूरा हो चुका है. इसी तरह राजगीर में आईटी सिटी बनाने के लिए 92 एकड़ ज़मीन अधिग्रहण की प्रक्रिया भी लगभग पूरी हो चुकी है. इसके अलावा राजधानी के डाकबंगला चौराहे के पास शिक्षा विभाग की पौन एकड़ ज़मीन पर पीपीपी मोड में आईटी टावर बनाया जाएगा. इतना ही नहीं बिसवैन (बिहार स्टेट वाइड एरिया नेटवर्क) को अपग्रेड कर बिसवैन-2 किया जायेगा. आईटी मंत्री ने कहा कि बिसवैन बिहार के सभी आईटी प्रोजेक्ट के रीढ़ की हड्डी है.

भ्रष्टाचार को रोकने में आईटी महत्वपूर्ण

आईटी मंत्री मे कहा कि भष्टाचार को रोकने में आईटी काफी महत्वपूर्ण है, इसलिए आने वाले दिनों में किसी भी प्रकार की सरकारी लाभांश की राशि जैसे पेंशन आदि देने के लिए सभी धारकों के बैंक खातों को आधार से लिंक किया जायेगा. उन्होंने कहा कि साल के अंत तक सभी को आधार उपलब्ध कराया जाएगा, इसके साथ ही सभी सरकारी विभागों को पूर्ण रूप से कंप्यूटरीकृत किया जायेगा. शिक्षण संस्थान में फ्री वाइफाई के संबंध में उन्होंने कहा की कुल 289 संस्थानों में से अब तक 151 में फ्री वाईफाई की सुविधा दी जा रही है. अगस्त खत्म होने तक 138 और संस्थानों में सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी जबकि बाकी बचे 62 संस्थानों में नवम्बर तक मुफ़्त वाईफाई पहुंचाया दिया जायेगा.


13-14 सितम्बर को पटना में लगेगा हैकरों का मेला ‘हैकैथन’

आईटी मंत्री ने बताया की सरकारी डाटा को हैकर्स से बचाने और सायबर अटैक रकने पर विशेष काम किया जाएगा उन्होंने कहा कि सायबर हमला आतंकवादी हमले की तरह है जिससे कितना नुकसान हो सकता है, इसकी कल्पना की जा सकती है. इसके लिए बेलट्रान भवन में सायबर सिक्यूरिटी सेंटर बनाया जाएगा. उन्होंने यह भी कहा कि राज्य में आईटी को बढ़ावा देने की लिए आगामी 13-14 सितम्बर को पटना में दो दिवसीय आईटी कॉनक्लेव का आयोजन किया जाएगा, जिसका नाम हैकैथन (हैकर्स और मैराथन से मिलकर बना शब्द) कम इन आईटी कॉनक्लेव होगा. इसमें आईटी क्षेत्र से जुड़े लोग और कंपनियां शामिल होंगी.