बिजली से रोशन हुए बिहार के 98.8 फीसदी गांव…!

लाइव सिटीज डेस्क : भले ही आपके घरों में रात बिना बिजली के कट जाती हो, लेकिन फिर भी ​आपके लिए राहत की खबर है. बिहार में 98.8 फीसदी घरों में अब बिजली पहुंच चुकी है. बिहार के कुल 39073 गांवों में से सिर्फ 477 गांव ही ऐसे बच गए हैं, जहां पर अभी बिजली नहीं पहुंच सकी है. इस दिलचस्प तथ्य का खुलासा शनिवार को मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की समीक्षा बैठक के दौरान हुआ.


मुख्य सचिव अंजनी कुमार सिंह ने समीक्षा बैठक में राज्य के विकास के आंकड़े रखे. उन्होंने कहा कि कुल मिलाकर 38,596 गांवों के बाद अब सिर्फ 477 गांव ही विद्यु​तीकरण से अछूते रह गए हैं. इन गांवों तक भी साल के आखिरी महीने यानी कि दिसंबर 2017 तक बिजली पहुंचाने का लक्ष्य रखा गया है. बता दें कि नीतीश कुमार सरकार ने सुशासन देने के लिए सात निश्चय योजना चलाई थी.

नीतीश सरकार ने लक्ष्य तय किया था कि 2017 के अंत तक बिहार के हर घर को मुफ्त बिजली कनेक्शन दे दिया जाएगा. मुख्य सचिव ने बैठक में कहा कि विद्युत विभाग को 11 हजार केवी और ढीले तारों को बदलने के निर्देश दे​ दिए गए हैं.​ बिजली विभाग को कजरा और पीरपैंती में सोलर पावर स्टेशन बनाने के लिए कहा गया है, ताकि ताप विद्युत पर निर्भरता कम की जा सके.


इस मैराथन बैठक में सीएम नीतीश कुमार ने तमाम विभागों मसलन ऊर्जा, उत्पाद एवं निषेध विभाग, गन्ना और अल्पसंख्यक कल्याण विभाग की प्रगति रिपोर्ट भी जांची. उत्पाद विभाग की समीक्षा बैठक में बताया गया कि शराबबंदी कानून के तहत कार्रवाई करते हुए विभाग ने 68,579 लोगों को जेल भेजा गया है. कुल मिलाकर 3,88,864 छापेमारी की गई है जबकि 60,232 मामले शराबबंदी कानून के उल्लंघन के दर्ज किए गए हैं. बता दें कि बिहार में पिछले साल अप्रैल से शराबबंदी लागू कर दी गई थी.