राष्ट्रपति चुनाव : मीरा कुमार ने किया नामांकन, कहा-दलित नहीं, यह विचारधारा की लड़ाई

लाइव सिटीज डेस्क : राष्ट्रपति पद की यूपीए उम्मीदवार मीरा कुमार ने बुधवार को अपना नामांकन दाखिल कर दिया. नामांकन के समय उनके साथ कांग्रेस की राष्ट्रीय अध्यक्ष सोनिया गांधी, पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह समेत तमाम विपक्षी दलों के प्रतिनिधि भी मौजूद रहे. हालांकि राजद सप्रीमो लालू प्रसाद नहीं मौके पर नहीं पहुंच सके. कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी भी मौजूद नहीं थे.

नामांकन दाखिल करने से पहले पूर्व लोकसभा स्पीकर व मीरा कुमार राजघाट पहुंचीं और महात्मा गांधी की प्रतिमा को श्रद्धांजलि दी. राजघाट में मीरा कुमार ने मीडिया को साफ कहा कि यह लड़ाई दलित बनाम दलित की नहीं, बल्कि विचारधारा की है. इसके बाद मीरा कुमार अपने पिता बाबू जगजीवन राम की समाधि पहुंची. वहां उन्होंने अपने पिता को श्रद्धांजलि दी.

बता दें कि राष्ट्रपति चुनाव में मीरा कुमार के समर्थन के नाम पर बिहार की सियासत में उथल-पुथल मचा हुआ है. इसे लेकर महागठबंधन की राजनीति में वार-पलटवार चल रहा है. राजद और जदयू में बयानबाजी थमी है तो कांग्रेस से यह शुरू हो गयी है. गौरतलब है कि जदयू की ओर से राष्ट्रपति पद के एनडीए उम्मीदवार रामनाथ कोविंद को समर्थन देने की बात कही गयी है. इसी को लेकर बिहार का राजनीतिक तापमान काफी बढ़ा हुआ है.

इधर राष्ट्रपति चुनावों के लिए 17 दलों के विपक्ष की उम्मीदवार मीरा कुमार ने बुधवार को सोनिया गांधी और मनमनोहन सिंह की मौजूदगी में अपना नामांकन दाखिल कर दिया. इस मौके पर तमाम विपक्षी दलों के प्रतिनिधि में मौजूद थे. इनमें सीताराम यचुरी, शरद पवार, राजबब्बर, सूरजेवाला आदि प्रमुख रहे. बता दें कि मंगलवार को मीरा कुमार ने मंगलवार को उन सभी 17 दलों के प्रति कृतज्ञता जाहिर की थी, जिन्होंने उन्हें राष्ट्रपति पद का उम्मीदवार बनाया है.

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