बड़ा आरोपः ‘1997 में बेउर जेल से ही सरकार चला रहे थे लालू’

पटना (नियाज आलम): वर्तमान बिहार विधान सभा में 156 विधायक करोड़पति हैं जबकि 130 विधायकों के खिलाफ जघन्य अपराध के मामले दर्ज हैं. जन अधिकार पार्टी (लो) के संरक्षक और सांसद राजेश रंजन उर्फ पप्पू यादव ने एडीआर की रिपोर्ट के हवाले से यह बात कही है. उन्होंने पत्रकार वार्ता में एडीआर रिपोर्ट की कॉपी जारी करते हुए कहा कि सोलहवीं बिहार विधानसभा में भाजपा के 40, जदयू के 32, राजद के 28 और कांग्रेस के 13 विधायक करोड़पति हैं. जबकि 15वीं विधान सभा के साथ 16वीं विधान सभा में जीते कई विधायकों की संपत्ति में 10 गुना तक वृद्धि हुई है.



जेल से बाहर आने के बाद हमलावर तेवर में दिख रहे पप्पू यादव ने कहा कि सभी विधायकों की संपत्ति की जांच प्रवर्तन निदेशालय से करवानी चाहिए, ताकि भ्रष्टाचारियों की आय के स्रोत का पता चल सके. सांसद ने कहा कि नक्सलवादियों और आतंकवादियों से ज्यादा खतरनाक भ्रष्टाचारी हैं. नक्सली या आतंकी कुछ लोगों को नुकसान पहुंचाते हैं लेकिन भ्रष्टाचारी एक साथ लाखों लोगों को नुकसान पहुंचाता है. भ्रष्टाचार के कारण लाखों की वि‍कास की योजनाएं अधर में लटक जाती हैं. उन्होंने कहा कि भ्रष्ट राजनेताओं के खिलाफ कठोर कानून बनना चाहिए और उसे कठोरता से लागू भी किया जाना चाहिए.

पप्पू यादव ने सख्त लहजे में कहा कि भ्रष्टाचारियों के खिलाफ मामले की जांच तीन महीने के अन्दर निपटाकर उन्हें फांसी की सजा होनी चाहिए. उन्होंने कहा कि भ्रष्टाचार को रेप और हत्या से भी बड़े अपराध की श्रेणी में रखना चाहिए. पप्पू यादव ने सभी पार्टियों के नेताओं से आग्रह किया है कि वे अपराधियों और भ्रष्टाचारियों को टिकट ही न दें. ऐसे नेताओं का बहिष्कार करें. साथ ही उन्होंने कहा कि यह विडंबना है कि विभिन्न पार्टियों के 95 प्रतिशत आपराधिक पृष्ठंभूमि वाले उम्मीेदवार विधान सभा पहुंचने में सफल रहे थे. उन्होंने कहा कि नगर निकाय में चुनाव लड़ने वाले अधिकतर उम्मीदवार करोड़पति हैं.

बेउर जेल से सरकार चलाते थे लालू

राजद सुप्रीमो लालू यादव और बाहुबली नेता मो. शहाबुद्दीन की सीवान जेल से बातचीत का कथित टेप जारी होने पर पप्पू यादव ने कड़ी टिप्पणी की है. उन्होंने कहा कि राजद प्रमुख लालू यादव द्वारा जेल में बंद पूर्व सांसद शहाबुद्दीन से बात करना उचित नहीं है. लेकिन उन्होंने सवाल उठाते हुए कहा कि कौन नेता जेल में बंद अपराधियों से बात नहीं करता है. उन्होंने कहा कि 1997 में लालू यादव तो बेउर जेल से ही सरकार चला रहे थे. हालांकि जन अधिकार पार्टी (लो) के संरक्षक ने कहा कि लालू यादव जैसे नेता को जेल में बन्द किसी अपराधी से बातचीत करना शोभा नहीं देता. पत्रकार वार्ता में पार्टी के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष व पूर्व विधायक अजय कुमार बुलगानिन, रघुपति प्रसाद सिंह, मंजय लाल राय, प्रेमचंद सिंह, श्या‍म सुंदर आदि मौजूद रहे.

पहले नेताओं का विकास तो रोकिए नीतीश जी

पप्पू यादव ने वर्तमान बिहार सरकार पर भी जमकर निशाना साधा. उन्होंने कहा कि आज के समय में बिहार बुरी तरह बदनाम हो चुका है. मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और लालू यादव ने बिहार को भ्रष्टाचार की चक्की में पीस कर रख दिया है और सुशील मोदी इसमें शामिल हैं. उन्होंने कहा कि पहले नेताओं का विकास तो रोकिए नीतीश जी, फिर बिहार के विकास की बात कीजिएगा. पप्पू यादव ने कहा कि जब तक नेताओं का विकास नहीं रुकेगा, तब तक राज्य का विकास नहीं हो सकता.

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