लाइव सिटीज, सेंट्रल डेस्क: अब बिहार की पुलिस दंगों में लोगों पर नियंत्रण करने के लिए रबर गन का इस्तेमाल करेंगी. बता दे कि अभी तक बिहार में इस बुलेट और गन का इस्तेमान नहीं होता था.लेकिन अब बिहार पुलिस के जवानों को दंगा नियंत्रण के लिए इन रबड़ बुलेट से लैस कर दिया गया है. बता दें कि बिहार के हर जिले के पुलिस मुख्यालयों में ये रबर बुलेट और राइफल उपलब्ध होंगे.

जिले के पुलिस मुख्याल में उपलब्ध होगे ये राइफल

जानकारी के अनुसार बिहार की पुलिस को 4-4 रबड़ बुलेट राइफल दिए गए हैं. हर जिलों के पुलिस मुख्यालयों में 4.4 रबड़ बुलेट राइफल उपलब्ध रहेंगे. अब अगर बिहार के किसी कोने में दंगा होगा तो पुलिस इन्हीं रबर बुलेट और राइफल का इस्तेमाल करेगी. आज शुक्रवार को मुजफ्फरपुर में इसका टेस्ट भी किया गया है.

बता दें कि सबसे पहले इन रबड़ बुलेट राइफलका इस्तेमाल जम्मू कश्मीर में सेना के जवानों ने किया था. अभी भी यहां सेना उपद्रव करने वालों पर काबू पाने के लिए इन्ही रबर बुलेट का इस्तेमाल करती है. कश्मीर में सेना के जवानों को पत्थरबाजों को काबू में करना रहता है ऐसे में पहले सेना पैलेट गन का इस्तेमाल करती थी. जिसके कारण चोट लगने से कई की मौत भी हुई थी. सैकड़ों उपद्रवी इससे गंभीर रूप से घायल भी हुए थे. जिसको लेकर कुछ लोगों ने सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा भी खटखटाया था.

10 अप्रैल 2017 को सुप्रीम कोर्ट में इस मामले में सुनवाई के दौरान केंद्र सरकार ने कहा था कि पैलेट गन प्रयोग करने का मकसद किसी कि जान लेना नहीं होता है. ऐसे में कोर्ट ने कहा कि उपद्रवियों से निपटने में रबड बुलेट का प्रयोग करे. केंद्र ने इसको मान लिया और कुछ वक्त बाद यहां सेना ने पैलेट गन के बजाए रबड़ बुलेट का प्रयोग करना शुरू कर दिया. इस बुलेट से किसी की भी जान जाने की संभावना कम होती है.