डेढ़ करोड़ टर्नओवर वालों को बडी राहत देगी सरकार, 10 जनवरी को जीएसटी काउंसिल लेगी अंतिम फैसला

लाइव सिटीज, सेंट्रल डेस्क: अब डेढ़ करोड़ तक के वार्षिक टर्नओवर वाले व्यापारियों को भी कम्पोजिशन स्कीम का लाभ मिलेगा. इसे लेकर आज छोटे उद्योगे के मंत्रियों के बीच बैठक हुई है. इस बैठक में फैसला लिया गया कि इस अनुसंसा के तहत 1 करोड़ के टर्नओवर वालें व्यापारी मात्र 1 प्रतिशत जीएसटी का भुगतान करने के साथ त्रैमासिक के बजाय वार्षिक व्यय विवरणी दाखिल कर सकेंगे. इस बारे में बिहार के उपमुख्यमंत्री सुशील मोदी ने रिलीज जारी कर जानकारी दी है.

डेढ़ करोड़ टर्नओवर वाले व्यापारियों को कम्पोजिशन स्कीम में शामिल करेगी सरकार

आज छोटे उद्योगों से जुड़े मंत्री समूह की बैठक के बाद उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी ने जानकारी दी कि इस अनुसंसा के तहत अब डेढ़ करोड़ तक टर्नओवर वाले सभी करदाताओं को मुफ्त में एकाउंटिंग व बिलिंग का साॅफ्टवेयर देने तथा अब तक कम्पोजिशन स्कीम के दायरे से बाहर रहे 50 लाख तक टर्नओवर वाले सेवा प्रदाताओं से 5 प्रतिशत जीएसटी लेने एवं केरल में आई भीषण बाढ़ के मद्देनजर पहली बार उसे 2 साल के लिए 1 प्रतिशत सेस लगाने की अनुमति देने की बात कही गई है.

उन्होने बताया कि 01 अप्रैल 2019 से लागू होने वाली इन सारी अनुशंसाओं पर 10 जनवरी को होने वाली जीएसटी काउंसिल की बैठक में अंतिम निर्णय ले लिया जाएगा. लिया जायेगा. श्री मोदी ने बताया कि पहले 1 करोड़ तक टर्नओवर वाले व्यापारी ही कम्पोजिशन स्कीम में शामिल नहीं थे, जिसकी सीमा बढ़ा कर डेढ़ करोड़ करने की अनुशंसा से बड़ी संख्या में छोटे कारोबारियों को लाभ मिलेगा. 1 प्रतिशत जीएसटी भुगतान के साथ त्रैमासिक व्यय विवरणी दाखिल करने के बजाय वे साल में एक बार वार्षिक व्यय विवरणी दाखिल कर सकेंगे.

उन्होंन बताया कि इसके साथ ही डेढ़ करोड़ टर्नओवर वाले जितने भी करदाता हैं उन्हें एकाउंटिंग व बिलिंग का साॅफ्टवेयर मुफ्त दिया जायेगा ताकि बाह्य मदद के बिना भी वे अपने जीएसटी का सारा हिसाब रख सकें. बिहार के डीप्टी सीएम ने बताया कि केरल में आई भीषण बाढ़ के मद्देनजर पहली बार किसी राज्य को 2 वर्षों के लिए 1 प्रतिशत आपदा सेस लगाने की अनुशंसा की गई है. भविष्य में भी कोई राज्य आपदा की स्थिति में अगर कर बढ़ाने का आग्रह करेगा तो उसे सेस लगाने का अधिकार दिया जा सकेगा.

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