डाॅ एए हई कैंसर अवेयरनेस सोसाइटी के बने अध्यक्ष, स्कूली विद्यार्थियों को तंबाकू के दुष्प्रभाव के प्रति किया जाएगा अवेयर

लाइव सिटीज, पटना : कैंसर अवेयरनेस सोसाइटी एक रजिस्टर्ड सोसाइटी है और लगभग 25 सालों से काम कर रही है. यह सोसाइटी राज्य में कैंसर के प्रति आम लोगों खासकर महिलाओं में जागरूकता फैलाएगी. इसके लिए पायलट प्रोजेक्ट के तहत आशा कार्यकर्ता और आंगनबाड़ी सेविका को सोसाइटी के डॉक्टर प्रशिक्षित करेंगे. फिर ये घर-घर घूमकर लोगों की महिलाओं की स्क्रीनिंग करेंगी. संदेह की स्थिति में डॉक्टर से मिलने की सलाह देंगी.

यह निर्णय सोसाइटी के अधिकारियों और कार्यकारिणी के सदस्यों ने एक बैठक में लिया गया. बैठक बेली रोड स्थित एचएमआरआई के कार्यालय में प्रसिद्ध सर्जन डॉ एए हई की अध्यक्षता में हुई. बैठक में लिये गये निर्णय के बारे में डॉ हई ने बताया कि आशा कार्यकर्ता और आंगनबाड़ी सेविकाओं को प्रशिक्षित करने के लिए सोसाइटी का एक प्रतिनिधिमंडल राज्य स्वास्थ्य समिति के अधिकारी और स्वास्थ्य विभाग के प्रधान सचिव से मिलेगा और उनसे इस संबंध में सहयोग के लिए अनुरोध करेगा. विभागीय आदेश मिलने के बाद पायलट प्रोजेक्ट के तहत पटना के फुलवारीशरीफ में यह ड्राइव चलाया जाएगा. फिर पटना के अन्य हिस्सों और उसके बाद पूरे राज्य में यह जागरूकता अभियान चलेगा.

डॉ हई ने कहा कि महिलाओं में बच्चेदानी के मुंह का कैंसर और स्तन कैंसर काफी सामान्य है. समस्या होने पर भी महिलाएं लापरवाही बरतती हैं और डॉक्टर से नहीं इलाज कराती. अंततः मर्ज इतना बढ़ जाता है कि वो ऑपरेशन के लायक भी नहीं रहता है. ऐसे में जागरूकता बेहद जरूरी है. शुरुआत में ही बीमारी का पता लगाने का प्रयास होगा. इसके लिए आशा कार्यकर्ता और आंगनबाड़ी सेविका की मदद ली जाएगी. कल की मीटिंग में सोसाइटी के उपाध्यक्ष रिटायर्ड जस्टिस समरेंद्र प्रताप सिंह, सचिव डॉ. शेखर केसरी, कोषाध्यक्ष डॉ. पूनम दीक्षित, कार्यकारिणी सदस्य खुर्शीद अहमद, डॉ. रविशंकर, डॉ. यासिर, नीलोफर खान, राजेश थडाणी, रोहित आदि शामिल थे.

स्कूलों में चलेगा जागरूकता अभियान: डाॅ. शेखर केसरी
सोसाइटी के सचिव और पारस हाॅस्पिटल के जानेमाने कैंसर रोग विशेषज्ञ डॉ शेखर केसरी ने बताया कि आशा कार्यकर्ता और आंगनबाड़ी सेविका से मासिक रिपोर्ट ली जाएगी. फिर मरीज का कैसे इलाज हो और कहां हो, इसमें उसकी सहायता की जाएगी. डॉ. केसरी ने बताया कि बैठक में स्कूली बच्चों को तंबाकू के प्रति सचेत करने के लिए भी अभियान चलाने का निर्णय लिया गया. राज्य के निजी और सरकारी उच्च विद्यालय और उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में यह ड्राइवर चलेगा. कोटपा एक्ट को भी प्रभावी तरीके से लागू कराने का प्रयास होगा. कोटपा एक्ट तंबाकू निषेध के लिए बनाया गया है. लेकिन, इसका कड़ाई से पालन नहीं हो रहा है.

कई समिति का गठन: खुर्शीद अहमद
कार्यकारिणी सदस्य खुर्शीद अहमद ने बताया कि बैठक में कई समिति का गठन किया गया, जिसमें फंड रेजिंग कमिटी, मेंबरशिप ड्राइव कमिटी, मेडिकल कमिटी, स्कूल में होनेवाले जागरूकता अभियान के लिए कमिटी आदि शामिल है. डॉ. पूनम दीक्षित स्क्रीनिंग टेस्ट की संयोजक होंगी. यही आशा कार्यकर्ता और आंगनबाड़ी सेविका को प्रशिक्षित करेंगी. सोसाइटी की बैठक हर माह होगी

खुर्शीद अहमद आर्थिक मजबूती देंगे, मेंबरशिप ड्राइव भी चलाएंगे: डाॅ हई
डॉ. हई ने बताया कि सोसाइटी द्वारा चलाए जानेवाले अभियान को आर्थिक मजबूती देने के लिए फंड इकट्ठा करने की जिम्मेदारी एडवांटेज ग्रुप के सीईओ खुर्शीद अहमद को दी गई है. वो फेट के कार्यक्रमों के माध्यम से और शहर के बड़े प्रतिष्ठानों में दान पेटी लगाकर फंड इकट्ठा करेंगे. 10 जगह दान पेटी लगेगी, जिसमें पटना एयरपोर्ट भी होगा. डॉ हई ने बताया कि सोसाइटी को मजबूती प्रदान करने के लिए मेंबरशिप ड्राइव भी चलाया जाएगा. इसके लिए तीन सदस्यी समिति बनाई गई है, जिसमें खुर्शीद अहमद, संवेरा कैंसर अस्पताल के डॉ वीपी सिंह और पारस हाॅस्पिटल के डॉ शेखर केसरी शामिल हैं.

अध्यक्ष और कोषाध्यक्ष मनोनीत
बैठक की शुरुआत में सोसाइटी के अध्यक्ष और कोषाध्यक्ष का मनोनय किया गया. डॉ एए हई को जहां अध्यक्ष चुना गया, वहीं डॉ पूनम को कोषाध्यक्ष. यह दोनों पद खाली हो गया था. सोसाइटी के पूर्व अध्यक्ष व बिहार-झारखंड के पूर्व डीजीपी टीपी सिन्हा का कोविड से निधन हो गया. इसी तरह कोषाध्यक्ष मंजीत सिंह सरला का भी इसी साल कोविड से निधन हो गया. बैठक में दोनों को श्रद्धांजलि भी अर्पित की गई.

10 स्थान चयनितः खुर्शीद अहमद ने बताया कि दान पेटी लगाने के लिए पटना शहर के प्रतिश्ठित 10 दुकान व स्थान का चयन किया गया है, जिसमें स्वीट होम, हीरा प्लेस, अलंकार प्लेस (बोरिंग रोड), कोजी स्वीट्स (न्यू डाकबंगला), हरिलाल स्वीट्स (एसके पुरी और कंकड़बाग), कैथी कंफेशनर(कंकड़बाग), मॉल, एयरपोर्ट, रेलवे स्टेशन आदि शामिल है.