नहीं रहे महावीर अस्पतालों के निदेशक प्रमुख डॉ एससी मिश्रा, रिटायर IAS को IMA ने दिया था लाइफ टाइम एचीवमेंट अवार्ड

लाइव सिटीज, पटना : बिहार में राजधानी स्थित पटना के महावीर मंदिर से संचालित महावीर अस्पतालों के निदेशक प्रमुख डॉ एससी मिश्रा नहीं रहे. उन्होंने पटना में ही गुरुवार की देर शाम अंतिम सांस ली. डॉ मिश्रा हृदय रोग से ग्रसित थे. उनके निधन की खबर से महावीर मंदिर न्यास और उससे संचालित अस्पतालों समेत पूरे चिकित्सा जगत में शोक की लहर दौड़ गई. महावीर मंदिर न्यास के सचिव आचार्य किशोर कुणाल ने उनके निधन पर गहरा शोक प्रकट किया है.

सीवान जिला के मूल निवासी डॉ सुरेश चंद्र मिश्रा एक कुशल प्रशासक और हरदिल अजीज के रूप में जाने जाते थे. महावीर मंदिर न्यास के सचिव आचार्य किशोर कुणाल ने उनके निधन पर गहरा शोक प्रकट करते हुए कहा कि महावीर अस्पतालों को अत्याधुनिक सुविधाओं के साथ मरीजों की सेवा भावना के अनुरूप तैयार करने में डॉ एससी मिश्रा का योगदान अतुल्य है. उन्होंने बताया कि गंभीर से गंभीर विषयों पर वे हमेशा डॉ मिश्रा का परामर्श और मार्गदर्शन लिया करते थे. वे अपने अधीनस्थों का खूब ख्याल रखते थे. साथ-साथ मरीजों के प्रति लापरवाही कतई बर्दाश्त नहीं करते थे.

उन्होंने बताया कि महावीर आरोग्य संस्थान के निदेशक के रूप में डॉ मिश्रा ने यह संकल्प अंतिम सांस तक निभाया कि अस्पताल परिसर में जो आया उसका इलाज होगा, चाहे उसके पास पैसे हों या ना हों. आईएमए के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ सहजानंद उन्हें अपना गुरु मानते थे. डॉ सहजानंद ने अपने शोक संदेश में कहा कि चिकित्सा जगत के साथ-साथ पूरा बिहार डॉ मिश्रा के मानवीय मूल्यों को हमेशा याद रखेगा.

इंडियन मेडिकल एसोसिएशन ने डॉ एससी मिश्रा को विगत वर्ष अपने सर्वोच्च सम्मान लाइफ टाइम एचीवमेंट अवार्ड से नवाजा था. डॉ एस सी मिश्रा राज्य स्वास्थ्य सेवा से भारतीय प्रशासनिक सेवा में प्रोन्नति पानेवाले भारत के पहले और इकलौते चिकित्सक थे. 1992 में आईएएस कैडर मिलने के बाद वे औरंगाबाद, मुंगेर, वैशाली के जिलाधिकारी और गोड्डा के उपायुक्त रहे. इसके पहले डॉ मिश्रा पटना के सिविल सर्जन और बिहार के ड्रग कंट्रोलर भी रह चुके थे. बिहार स्वास्थ्य सेवा में आने के पूर्व वे सेना के मेडिकल कोर में 1963 से 1970 तक कैप्टन और लेफ्टिनेंट के तौर पर अपनी सेवाएं दे चुके थे.

डॉ मिश्रा ने 1965 के भारत-पाकिस्तान युद्ध में भी बतौर मेडिकल अफसर भाग लिया था. 2003 से वे महावीर आरोग्य संस्थान के निदेशक थे. आचार्य किशोर कुणाल ने डॉ एससी मिश्रा के निधन को अपनी निजी क्षति बताया. उन्होंने सोशल मीडिया पर अपनी उद्वेदना के साथ ही एक पुरानी तस्वीर भी शेयर की है. उस तस्वीर में महावीर नेत्रालय के उद्घाटन के दौरान क्लिक की गई थी. इस तस्वीर में नीतीश कुमार, आचार्य कुणाल के साथ डॉ एससी मिश्रा भी मौजूद हैं.