हंगामे की भेंट चढ़ा विधानसभा सत्र का तीसरा दिन, सदन स्थगित

पटना : बिहार विधानसभा का शीतकालीन 25 नवंबर से ही शुरू हो गया. शीतकालीन सत्र की शुरुआत ही हंगामे के साथ हुई. सोमवार को विधानसभा में पक्ष-विपक्ष के विधायकों के हंगामे का बाद आज मंगलवार को भी हंगामे के कारण सत्र को 2 बजे तक के लिए स्थगित करना पड़ा. केंद्र सरकार के नोटबंदी के फैसले को लेकर बिहार विधान सभा राजद समेत अन्य दलों के नेताओं ने विरोध जताया.

15 लाख जमा कराने की मांग की
विधानसभा पोर्टिको में राजद के नेताओं में प्रधानमंत्री मोदी के खिलाफ प्रदर्शन किया. राजद नेताओं ने केंद्र सरकार से गरीबों के खाते में 15 लाख रुपये जमा कराने की मांग की. उन्होंने कहा कि सरकार काले धन के खिलाफ कार्रवाई कर रही है तो ठीक गरीबों के साथ किये अपने वादों को भी निभाएं.

लोकसभा चुनाव के दौरन 15 लाख रुपये गरीबों के खाते में जमा कराने की बात कही थी. अब सरकार उसे पूरा करे. राजद के साथ साथ- सीपीआई के नेताओं ने भी केंद्र सरकार के नोट बंदी के फैसले के खिलाफ जमकर हंगामा किया.whatsapp-image-2016-11-29-at-2-29-17-pmवेल में आकर करते रहते हंगामा
सत्ता पक्ष और विपक्ष के हंगामे के दौरान सदन की कार्यवाही बार-बार स्थगित होती रही. सुबह से हंगामे के आसार देखते हुए पहले तो सदन की कार्यवाही 12 बजे शुर हुई लेकिन, सत्ता पक्ष और विपक्ष के विधायकों द्वारा वेल में आकर प्रदर्शन करने के बाद सदन फिर से 2 बजे के लिए स्थगित कर दी गयी. दोनों पक्षों के नेता नोटबंदी, अपराध, शासन समेत अन्य मुद्दों को लेकर पोस्टर के जरिये अपना विरोध जताया.02



यह भी पढ़ें-
राबड़ी की फिसली जुबान तो हो गया बखेड़ा