विपक्ष के राजभवन मार्च पर जदयू का तंज, कहा – राजबल्लभ, शहाबुद्दीन जैसे ‘सड़कछाप’ संग करें मार्च

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जदयू के विधान पार्षद नीरज कुमार (फाइल फोटो)

लाइव सिटीज, सेंट्रल डेस्क: बिहार के सीएम नीतीश कुमार के सड़कछाप वाले बयान को लेकर बिहार महागठबंधन के नेता आज सड़कों पर उतर आए है. आपको बता दें कि महागठबंधन के सभी नेता आज राजभवन तक मार्च करेंगे और सीएम नीतीश के बयान का विरोध जताते हुए राज्यपाल से मुलाकात करेंगे. इस मामले में जानकारी मिल रही है कि मार्च के लिए सड़क पर उतरें महागठबंधन के नेताओं को रोक दिया है. वहीं जदयू ने इस मार्च को लेकर तंज कसा है.

सामने आ रही खबरों के अनुसार पुलिस ने मार्च करने लिए निकले महागठबंधन के कार्यकताओं और पुलिस ने रोक दिया है. बताया जा रहा है कि पुलिस ने बैरिकेडिंग कर नेताओं को आगे जाने से रोक दिया है. इस दौरान बिहार महागठबंधन के नेता पुलिस द्वारा रोके जाने को लेकर हंगामा कर रहे हैं. बता दें कि मार्च को देखते हुए भारी मात्रा में पुलिस बल की तैनाती की गई है.

जदयू एमएलसी नीरज कुमार ने किया है महागठबंधन के राजभवन मार्च पर ट्वीट

एक ओर जहां बिहार के महागठबंधन के नेता नीतीश कुमार के बयान को लेकर विरोध में राजभवन मार्च कर रहे हैं तो वहीं जदयू की ओर से इस पूरे मार्च को लेकर तंज कसा गया है. जदयू के नेता और एमएलसी नीजर कुमार ने ट्वीट कर इस पूरे मार्च को लेकर तंज कसा है और तेजस्वी से अपने पूरे दल के साथ रांची के होटवार जेल के पास जाकर मार्च करने को कहा है.

उन्होंने ट्वीट करते हुए लिखा है — ट्विटर ललबबुआ, आप जो सड़क मार्च कर रहे है,मेरी सलाह है कि इसीतरह आपको अपने मित्रों के साथ रांची, होटवार जेल तक मार्च करना चाहिए था. वहां सीट बंटवारा व टिकट भी तय हो जाता वैसे, अच्छा होता कि अपने ‘आइकॉन’ अनन्त सिंह, राजबल्लभ, शहाबुद्दीन को साथ रखते. आखिर ऐसे को ही तो’सड़कछाप’ कहा जाता है.

वहीं उन्होंने आगे एक और ट्वीट किया है. जिसमें उन्होंने लिखा – ट्विटर ललबबुआ, इस सड़कमार्च के दौरान उन लोगों के नाम भी सार्वजनिक कर दीजिये, जिन पिछडो, अतिपिछड़ों, दलितों, महादलितों से नौकरी, अन्यकार्य के नाम पर आपके परिवार ने संपत्ति लिखवाई है. आखिर, यहीं तो आपके परिवार का मुख्य कार्य है. अपने मित्रों से भी भविष्य के लिए सम्पत्ति का ब्यौरा ले लीजिए.

लोकसंवाद कार्यक्रम के दौरान नीतीश कुमार ने किया था ‘सड़कछाप’ शब्द का प्रयोग

दरअसल पूरा मामला बिहार के सीएम नीतीश कुमार के उस बयान से जुड़ा है जिसमें उन्होंने महागठबंधन के नेताओं को लेकर पूछे गए सवाल के जवाब में सड़कछाप शब्द का प्रयोग किया था. अपने लोकसंवाद कार्यक्रम के दौरान पत्रकारों से बात करते हुए सीएम नीतीश कुमार ने महागठबंधन में नए नेताओं के सवाल पर कहा कि किसी भी सड़कछाप को गठबंधन में नेता बना लिया जा रहा है. नीतीश के इस बयान को विपक्ष ने आत्म सम्मान का मुद्दा बनाते हुए उनके खिलाफ बिगुल फुंक दिया है.

सीएम के इस बयान को विकासशील इंसान पार्टी के अध्यक्ष मुकेश सहनी से जोड़ कर देखा जा रहा है. ऐसा बताया जा रहा है कि सीएम ने यह बयान मुकेश सहनी को हीं टारगेट कर के कहा है. उनके इस बयान को लेकर जहां मुकेश सहनी के समर्थक सीएम के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे हैं तो वहीं बिहार के नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव और पूर्व केन्द्रीय मंत्री उपेन्द्र कुशवाहा ने उन्हे इस बयान की कड़ी निंदा की है.