कन्हैया ने कहा- पीएम ने पांच वर्षों केवल दो योजनाएं ढंग से चलाई, पकौड़ा बनाओं और भगौड़ा भगाओं

कन्हैया कुमार ने बेगूसराय में जनसंपर्क कार्यक्रमों के जरिए लोगों से संवाद स्थापित करते हुए

लाइव सिटीज, सेंट्रल डेस्क : कन्हैया कुमार ने बेगूसराय के बसही, श्रीपुर खांजापुर, चेरिया बरियारपुर, शाहपुर, पबड़ा औऱ मंझौल में जनसंपर्क कार्यक्रमों के जरिए लोगों से संवाद स्थापित किया. उन्होंने युवाओं की बेरोजगारी की समस्या पर मोदी सरकार को घेरते हुए कहा कि मोदी जी ने पिछले पांच साल में दो ही योजनाएं ढंग से चलाई हैं, पहली है युवाओं के लिए “पकौड़ा बनाओ” और दूसरी है धन्नासेठों के लिए “भगौड़ा भगाओ”.

पिछले पांच साल में न केवल बहुत से धन्नासेठों का हजारों करोड़ रुपये का कर्ज माफ किया गया है, बल्कि जनता को बड़ी कंपनियों के उन मालिकों का नाम बताने से भी मना कर दिया गया जिन्होंने बैंकों का अरबों रुपये का कर्ज नहीं चुकाया है. ऐसा क्यों होता है कि देश का किसान कर्ज नहीं चुका पाने के बाद प्रधानमंत्री की योजनाओं को अपनी दुर्दशा का कारण बताते हुए आत्महत्या कर लेता है और इसका देश की राजनीति पर कोई खास असर नहीं पड़ता ?

जब तक राजनीति में किसान-मजदूरों के मुद्दों की अनदेखी होती रहेगी, तब तक देश में लोकतंत्र कमजोर बना रहेगा. कन्हैया ने बेगूसराय में पुल, सड़क आदि बनाने के काम की अनदेखी करने वाले नेताओं को यहां की जनता की दुर्दशा के लिए जिम्मेदार बताया. उन्होंने कहा कि बेगूसराय को अलग प्रमंडल में बदलने और यहां कर कार्यालय की स्थापना करने जैसी महत्वपूर्ण मांगों को मनवाने के लिए सरकार पर दबाव बनाने की जरूरत है.

जनता को चांद-तारे देने का वादा करने वाले नेता अभी तक बेगूसराय में जहरीले आर्सेनिक के पानी में मिलने की समस्या पर ध्यान देने का समय नहीं निकाल सके. जिन नेताओं पर भ्रष्टाचार के कई मामले दर्ज हैं, उनसे इन समस्याओं को दूर करने की उम्मीद नहीं की जा सकती.

कन्हैया ने बेगूसराय में महिलाओं से जुड़ी समस्याओं की अनदेखी पर चिंता जताते हुए कहा कि जब तक आधी आबादी के अधिकारों का सम्मान नहीं होगा तब तक पूरी मानवता शर्मसार रहेगी. उन्होंने घरेलू हिंसा की रोकथाम के लिए कड़ी कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित करने के साथ-साथ महिलाओं को रोजगार में प्राथमिकता देने की जरूरत पर जोर दिया.

Be the first to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published.


*