सोमवार से शुरू हो रहे मानसून सत्र में लाए जाएंगे कई महत्वपूर्ण विधेयक, इस प्रारूप में चलेगी कार्यवाही

लाइव सिटीज, सेंट्रल डेस्क: बिहार विधानमंडल का मानसून सत्र 26 जुलाई से शुरू हो रहा है. 5 दिनों के मानसून सत्र में कई राजकीय विधेयक पेश होने हैं. सत्र के दौरान राज्यपाल की ओर से प्रख्यापित अध्यादेश की प्रमाणित प्रतियों को सदन के पटल पर भी रखा जाएगा. वित्तीय वर्ष 2021-22 के प्रथम अनुपूरक व्यय विवरणी भी सदन में पेश होगा.

छोटे से सत्र में 4 दिन ही प्रश्नों का उत्तर सदन में होगा. ऐसे में विपक्ष ने कई मुद्दों पर सरकार को घेरने की तैयारी कर रखी है. सत्ता पक्ष भी विपक्ष को जवाब देने के लिए तैयार है. मानसून सत्र को लेकर सुरक्षा के भी व्यापक इंतजाम किए गए हैं. बिहार विधानसभा के 26 जुलाई से 30 जुलाई तक चलने वाले मानसून सत्र में कोरोना को लेकर विशेष सतर्कता बरती जा रही है. सभी सदस्यों का टीकाकरण हो इस पर विधानसभा अध्यक्ष का जोर है. साथ ही विधानसभा में प्रवेश करने वाले सभी लोगों के पास टीकाकरण का सर्टिफिकेट हो इसकी भी जांच होगी.

विधानसभा के मानसून सत्र से ठीक 1 दिन पहले तैयारियों को अंतिम रूप दिया गया. साफ-सफाई से लेकर दीवारों की पुताई और रंगाई को भी पूरा किया गया. सुरक्षा को लेकर भी अधिकारी व्यस्त दिखे. बम निरोधक दस्ते से लेकर सिविल ड्रेस में तैनात होने वाले सुरक्षाकर्मियों ने विधानसभा परिसर में जांच पड़ताल की.

ऐसे विपक्ष बिहार की कई समस्याओं को सदन के अंदर उठाकर सरकार को घेरने की कोशिश करेगा और पिछले बजट सत्र में जो घटना हुई उसके लिए सरकार से माफी मांगने की मांग भी करेगा. सीपीआईएम के विधायक सत्येंद्र यादव का कहना है कि ”विपक्ष की ओर से महंगाई, अफसरशाही, बेरोजगारी और किसान के मुद्दे सदन में उठाएगा. इसके साथ ही कोरोना में निधन हुए लोगों को मुआवजा देने का मुद्दा भी प्रमुखता से उठाया जाएगा.

बिहार विधानसभा और विधान परिषद में मानसून सत्र में लाए जाएंगे. इन महत्वपूर्ण विधेयकों में खेल विधेयक, मेडिकल विश्वविद्यालय विधेयक, इंजीनियरिंग विश्वविद्यालय विधेयक, पंचायत से संबंधित संशोधन विधेयक और विनियोग विधेयक हैं.