सीएम नीतीश ने गंगा घाटों का फिर से निरीक्षण किया, बोले- छठव्रतियों को नहीं होगी कोई प्रॉब्लम

पटना में गुरुवार को गंगा घाटों का निरीक्षण करते मुख्यमंत्री नीतीश कुमार, उपमुख्यमंत्री सुशील मोदी व अन्य.

लाइव सिटीज, सेंट्रल डेस्क : दीवाली खत्म. अब छठ की तैयारी शुरू. जी हां, कुछ ऐसा ही भक्तिमय माहौल पटना में बन गया है. प्रशासन ने भी इसमें कोई कोर-कसर नहीं छोड़ना चाहता है. अफसरों के कार्यों पर अं​कुश रखने के लिए मुख्यमंत्री नीतीश कुमार खुद ही मॉनिटरिंग कर रहे हैं. इसे लेकर गुरुवार को मुख्यमंत्री ने गंगा घाटों का निरीक्षण किया. बता दें कि दीवाली के पहले भी उन्होंने गंगा घाटों का निरीक्षण किया था. इतना ही नहीं, उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी ने भी तीन दिन पहले घाटों का निरीक्षण किया था.

जानकारी के अनुसार मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने गंगा किनारे बने छठ घाटों का निरीक्षण किया. इस बार उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी भी उनके साथ थे. निरीक्षण काफिले में मंत्री नंदकिशोर यादव के साथ संबंधित अफसर भी शामिल रहे. वे अपराह्न करीब 3 बजे नासरीगंज पहुंचे.

जानकारी के अनुसार सीएम नीतीश कुमार स्टीमर से घाटों का जायजा लेने निकले और अफसरों को आवश्यक निर्देश दिए. उन्होंने कहा कि घाटों पर जो कमी रह गई है, उसे एक-दो दिनों के अंदर दूर कराएं. उन्होंने यह भी कहा कि सुरक्षा व्यवस्था में कोई कमी नहीं रहे. गंगा घाटों पर चार दिनों तक एनडीआरएफ और एसडीआरएफ की टीमों को भी तैनात करने को कहा. कई घाटों पर एंबुलेंस की भी व्यवस्था रहेगी.

पटना में गुरुवार को गंगा घाटों का निरीक्षण करते मुख्यमंत्री नीतीश कुमार.

मुख्यमंत्री ने साफ कहा कि किसी प्रकार की दिक्कत छठव्रतियों और श्रद्धालुओं को नहीं हो. उन्होंने अफसरों को यह भी निर्देश दिया कि वे ध्यान रखें कि लोग अर्घ्य के दौरान गहरे पानी में न चले जाएं. हालांकि इससे बचने के लिए घाटों पर लकड़ी से बैरिकेडिंग की गई है. बैरिकेडिंग के अंदर ही भगवान सूर्य को व्रती अर्घ्य दान देंगे.

बता दें कि छठ घाटों को सीढ़ीनुमा बनाया गया है, ताकि लोगों को घाट पर उतरने और बैठने में किसी तरह की प्रॉब्लम नहीं हो. इसके अलावा जिन घाटों को खतरनाक घोषित किया गया है, वहां एहितयात के तौर पर लाल रंग का कपड़ा बांध दिया गया है. इतना ही नहीं, लोगों को रोकने के लिए उस जगह पर सिपाही भी तैनात किए जाएंगे.

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