बिहार विधानसभा : सूखे को लेकर हो रही है विशेष चर्चा, तेजस्वी यादव ने रखी अपनी बात

सुखाड़, bihar Draught, Bihar Assembly, RJD, तेजस्वी यादव, भाई वीरेंद्र, नीतीश कुमार, बिहार विधानसभा, मानसून सत्र, सूखा, किसान

लाइव सिटीज डेस्क : बिहार विधानसभा की कार्यवाही आज दो घंटा पहले 9 बजे से ही शुरू हुई है. आज विधान सभा में सूखे को लेकर विशेष चर्चा हो रही है. बारिश कम होने से पूरा बिहार सुखाड़ की चपेट में है. प्रमुख विपक्षी दल राष्ट्रीय जनता दल की मांग पर आज विधानसभा में सूखे को लेकर विशेष चर्चा हो रही है. 11 बजे तक का समय इस मुद्दे पर चर्चा के लिए रखा गया है. सरकार और विपक्ष दोनों अपनी-अपनी राय सदन के पटल पर रख रहे हैं.

राज्य को सुखाग्रस्त घोषित करने की मांग

विधानसभा में बोलते हुए विरोधी दल के नेता तेजस्वी यादव ने कहा कि इस वर्ष सामन्य से भी कम वर्षा हुई है. पूरे राज्य में सुखाड़ की स्थिति है. उन्होंने पूरे राज्य को सुखाग्रस्त घोषित करने की मांग की है. साथ ही उन्होंने किसानों का कर्ज माफ करने की मांग भी की है. तेजस्वी यादव ने राज्य सरकार पर परिस्थिति से लड़ने के लिए कोई तैयारी नहीं थी. उन्होंने डीजल अनुदान देने में भी देरी का आरोप लगाया.

85 प्रतिशत धान की बुआई नहीं हो सकी

उन्होंने कहा कि 85 प्रतिशत धान की बुआई नहीं हो सकी है. उसे बचाने के लिए कोई तैयारी नहीं है. अपने संबोधन के दौरान तेजस्वी यादव ने कहा कि बिहार में किसान मरने के कगार पर हैं. उनके बच्चों को खाना नहीं मिल रहा है. उन्होंने अविलंब बिहार को सूखाग्रस्त घोषित करने की मांग की है. साथ ही किसानों को मुआवजा देने की मांग की है.

किसानों की कर्जमाफी की मांग

बिहार में सुखाड़ की स्थिति को देखते हुए विपक्ष ने पूरे राज्य को सूखाग्रस्त घोषित करने की मांग की है. साथ ही इस मुद्दे पर विशेष चर्चा बुलाने की मांग भी विपक्ष द्वारा की गई थी. सूखे की स्थिति को देखते हुए बिहार सरकार ने 25 दिनों के अंदर किसानों को डीजल अनुदान की राशि देने का आदेश दिया है. किसानों को डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (डीबीटी) के द्वारा डीजल अनुदान की राशि सीधे खाते में दी ट्रांसफर की जाएगी. वहीं, आरजेडी विधायक भाई वीरेंद्र ने राज्य के किसानों की कर्जमाफी की मांग की है.

यह भी पढ़ें : तेजस्वी ने उठाई बिहार को सूखाग्रस्त घोषित करने की मांग, सरकार के खिलाफ विपक्ष की नारेबाजी

Be the first to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published.


*