संजय जायसवाल और उपेन्द्र कुशवाहा में मचा है घमासान, डिप्टी CM ने दी नसीहत, बयानबाजी बंद कीजिए

लाइव सिटीज पटना: बिहार एनडीए में घमासान जारी है. बीजेपी और जदयू नेताओं के बीच चल रही बयानबाजी खत्म होने का नाम नहीं ले रही है. बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष संजय जायसवाल और जदयू संसदीय बोर्ड के अध्यक्ष उपेन्द्र कुशवाहा के बीच की लड़ाई अब फेसबुक वार में तब्दील हो गई है. इस बीच बिहार के डिप्टी सीएम तारकिशोर प्रसाद ने बीजेपी और जदयू नेताओं के बीच चल रही बयानबाजी पर नसीहत दी है. डिप्टी सीएम ने कहा कि इस तरह की बयानबाजी से एनडीए के नेताओं को बचना चाहिए.

संजय जायसवाल और उपेन्द्र कुशवाहा की बयानबाजी पर डिप्टी सीएम तारकिशोर प्रसाद ने नसीहत देते हुए कहा कि इन बयानबाजी से नेताओं को बचना चाहिए. उन्होंने सभी नेताओं से आग्रह करते हुए कहा कि इन बयानबाजी से बचना चाहिए. इस तरह के बयान से NDA की सेहत पर कोई फर्क नहीं पड़ेगा. सरकार अच्छे तरीके से चलेगी. डिप्टी सीएम ने कहा कि मैं दिल्ली में हूं. मुझे ज्यादा जानकारी नहीं है क्योकि मैं राष्ट्रपति पद के लिए एनडीए की उम्मीदवार द्रोपदी मुर्मु के नामाकंन में शामिल होने आया था. मैं दिल्ली से लौटता हूं तो तब सारे मामले को देखता हूं. साथ ही उन्होंने कहा कि इस तरह की बयानबाजी से बचना NDA की सेहत के लिए अच्छी बात है. वैसे इस तरह की बयानबाजी से NDA की सेहत पर एक पैसा भी फर्क नहीं पड़ने वाला है.

दरअसल बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष संजय जायसवाल ने शुक्रवार को फेसबुक पोस्ट कर इशारों में उपेन्द्र कुशवाहा पर हमला बोला है. उन्होंने लिखा कि बिहार के अलग-अलग जिलों में केंद्रीय विद्यालय को जमीन मिल सके इसके लिए नेता जी ने आंदोलन किया. शिक्षा में सुधार हो, इसको लेकर अपने लोगों से हर जिले में धरना एवं प्रदर्शन कराया और अंतत: नेताजी खुद सफल हो गए.

संजय जायसवाल के फेसबुक पोस्ट पर उपेन्द्र कुशवाहा ने बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष पर निशाना साधा. उपेन्द्र कुशवाहा ने संजय जायसवाल पर हमला करते हुए लिखा है कि मेरे आंदोलन में आपको गलत क्या दिखा, जहां तक मेरी भूमिका का सवाल है, सत्ताधारी दल के सदस्य की मर्यादा और विपक्ष के सदस्य के रूप में किसी व्यक्ति का क्या दायित्व होता है. इसका ज्ञान तो संभवतः आपको होगा ही. अगर नहीं है तो आपको बहुत ट्रेनिंग की जरूरत है.

बता दें कि इससे पहले भी कई बार संजय जायसवाल और उपेन्द्र कुशवाहा के बीच तीखी बयानबाजी होती रही है. हाल ही में संजय जायसवाल ने शिक्षा विभाग पर सवाल उठाया है. उन्होंने कहा कि शिक्षा मंत्रालय जदयू के पास है. उनको विचार करना चाहिए. संजय जायसवाल के आरोप पर उपेंद्र कुशवाहा ने कहा कि क्या टिप्पणी रोज की जाए. यूनिवर्सिटी में सेशन लेट है, ऐसे मामलों में राज्य की भूमिका ज्यादा नहीं होती है. पढ़े लिखे लोगों को यह बात मालूम है