‘अजय आलोक जी ! उदयन हॉस्पिटल आपका ही है क्या, जहां इलाज बीच में रोक दिया जाता है’

लाइव सिटीज, पटना : मधेपुरा के सांसद राजेश रंजन उर्फ़ पप्पू यादव आजकल अस्पतालों के पीछे हाथ धोकर पड़े हैं. पप्पू का कहना है कि उनकी लड़ाई गलत इलाज और अधिक वसूली करने वालों के खिलाफ है. इस मुहिम को जब से पप्पू ने छेड़ा है, उनके पास फरियादियों की संख्या बढ़ गई है. आज 11 दिसंबर को अब वे जदयू के फायरब्रांड प्रवक्ता अजय आलोक से भी टकरा गए हैं. दिन में अजय आलोक ने ट्विटर के माध्यम से पप्पू यादव और तेजस्वी यादव पर बिहार बंद को लेकर तंज कसा था.

जदयू प्रवक्ता अजय आलोक ने कहा था कि पप्पू और तेजस्वी अलग-अलग दिनों में बिहार बंद का आह्वान कर रहे हैं. मतलब यादवी वर्चस्व के लिए कष्ट बिहार की जनता को देंगे. आगे लिखा था – वाह रे यदुवीरों, पहले आपस में निपट लो. इस ट्वीट का काउंटर पप्पू यादव अब कई ट्वीट से कर रहे हैं. अजय आलोक को सीधा टारगेट करने के लिए पप्पू ने उदयन हॉस्पिटल में राधिका देवी नामक एक मरीज को खोज लिया है. कहा जा रहा है कि राधिका देवी के परिजनों ने पप्पू से संपर्क किया है. सोमवार की शाम को ही पप्पू पटना से दिल्ली गए हैं.



जदयू प्रवक्ता अजय आलोक (फाइल फोटो)

उदयन हॉस्पिटल जदयू प्रवक्ता डॉ. अजय आलोक का ही बताया जाता है. पप्पू कह रहे हैं कि अजय आलोक बिहार की जनता को बताएं कि उनका यह हॉस्पिटल इलाज के लिए है या सिर्फ पैसा वसूली के लिए ? राधिका देवी की चर्चा करते हुए मधेपुरा सांसद ने कहा है कि बांकीपुर की रहने वाली इस महिला को दो दिनों पहले गले में रॉड घुसने के कारण उदयन हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया था. इन दो दिनों में हॉस्पिटल राधिका देवी के परिजनों से 1.60 लाख रूपये का भुगतान प्राप्त कर चुका है.

बकौल पप्पू अब और पैसे लिए बिना उदयन हॉस्पिटल राधिका देवी का इलाज करने को तैयार नहीं है. तुरंत 38 हजार और रुपयों की मांग की जा रही है. पप्पू का कहना है कि इलाज को बीच में रोके जाने से राधिका देवी की जान और खतरे में पड़ गई है. इसके लिए कसूरवार कौन होगा. उन्होंने कहा कि अस्पतालों की इस धंधे के खिलाफ लड़ना यादवी लड़ाई नहीं है, बल्कि जनता के भले को सिस्टम के खिलाफ लड़ा जा रहा जंग है.

पप्पू ने कहा – अब बिहार में होगी फर्जी-लुटेरे डॉक्टरों की ‘जनठुकाई’, साथ में कालिख भी पोतेंगे