विनोद खन्ना का सफ़र : ‘विलेन’ से हीरो फिर राजनेता बने, 141 फिल्मों में किया था काम

vinod-khnna

लाइव सिटीज डेस्क : मशहूर बॉलीवुड ऐक्टर विनोद खन्ना का निधन हो गया है. 70 वर्षीय खन्ना कैंसर से पीड़ित थे. विनोद खन्ना ऐक्टिंग के अलावा राजनीति में भी सक्रिय थे. गुरुदासपुर से सांसद रहे विनोद खन्ना ने मुंबई के रिलायंस फाउंडेशन अस्पताल में अंतिम सांस ली. उन्होंने 141 फिल्मों में काम किया था. वो 70 साल के थे. वो अटल बिहारी वाजपेयी की कैबिनेट मंत्री भी बने थे.

बता दें कि कुछ समय पहले उनकी एक तस्वीर पर सामने आई थी, जिसमें वे काफी कमजोर और बीमार नजर आ रहे थे. विनोद खन्ना ने बतौर विलेन फिल्म इंडस्ट्री में करियर की शुरुआत की थी. हालांकि एक समय वह ओशो से प्रभावित होकर संन्यास भी ले लिया था. बाद में उन्होंने फिर वापसी की.

मशहूर फिल्में

विनोद खन्ना को अमर अकबर ऐंथनी, हेरा फेरी, चांदनी, द बर्निंग ट्रेन, मुक्क्दर का सिंकदर, परवरिश, नहले पे दहला, दयावान और कुर्बानी जैसी फिल्मों को खूब सराहा गया था. मेरे अपने, मेरा गांव मेरा देश, अचानक और सत्यमेव जयते उनकी यादगार फिल्मों में शुमार की जाती हैं.


पाकिस्तान में हुआ था जन्म

विनोद खन्ना का जन्म एक बिजनेस फैमिली में 6 अक्टूबर,1946 को पेशावर में हुआ था. 1947 में हुए इंडिया-पाक विभाजन के बाद उनका पूरा परिवार पेशावर से मुंबई आ गया था. उनके माता-पिता का नाम कमला और किशनचंद खन्ना था. 1960 के बाद की वे नासिक के एक बोर्डिग स्कूल में पढ़े.

सियासी कैरियर

विनोद खन्ना 1997 से चार बार पंजाब के गुरुदास पुर से सांसद रहे.  2002 में वे संस्कृति और पर्यटन मंत्रालय में मंत्री रहे. इसके बाद वे विदेश मामलों के मंत्रालय में राज्य मंत्री बने.

दो शादियां चार बच्चे 

विनोद की पहली शादी 1971 में गीतांजली से हुई थी. पहली शादी से दो बेटे राहुल खन्ना और अक्षय खन्ना हैं. ओशो के अनुनायी बनने के बाद परिवार से दूरी बन गई और उनकी पहली शादी टूट गई. फिर उन्होंने 1990 में कविता से शादी की. दूसरी शादी से उनके एक बेटा साक्षी और एक बेटी श्रद्धा हैं.

यह भी पढ़ें- लंबी बीमारी के बाद फिल्म अभिनेता विनोद खन्ना का निधन