कोताही बरतने वाले 9 बीडीओ पर कार्रवाई 

गया : डीएम कुमार रवि ने शनिवार को समाहरणालय सभाकक्ष में प्रधानमंत्री आदर्श ग्राम योजना, सांसद आदर्श ग्राम योजना, सांसद योजना, आईपीए, मंदिर चाहरदीवारी योजना, डूडा सहित अन्य योजनाओं की समीक्षा की.
सर्वप्रथम प्रधानमंत्री आदर्श ग्राम योजना में जिले के 16 प्रखंड अंतर्गत चयनित 225 ग्राम में योजनाओं की प्रगति की समीक्षा की. चयनित आदर्श ग्रामाें में योजनाओं के क्रियान्वयन हेतु उपलब्ध करायी गई राशि से योजनाओं की प्रगति में कई प्रखंडों में विगत काफी समय से ग्राम सभा द्वारा पारित योजनाओं तथा पूर्व में कई बार बैठकों में दिए निर्देश के बाद भी इन योजनाओं का प्राक्कलन तैयार कर स्वीकृति हेतु उपलब्ध नहीं कराने पर जिलाधिकारी ने काफी नाराजगी जतायी और संबंधित प्रखंड विकास पदाधिकारी एवं प्रखंड समन्वयक सह कनीय अभियंता को जमकर फटकार लगायी.
बाराचट्टी प्रखंड में ग्राम सभा से तीन-चार वर्ष पूर्व पारित योजनाओं का अभी तक प्राक्कलन उपलब्ध नहीं कराने पर प्रखंड विकास पदाधिकारी के विरूद्ध प्रपत्र-क में आरोप गठित कर विभागीय कारवाई हेतु सरकार से अनुशंसा करने का निर्देश दिया गया. इसी तरह फतेहपुर, मानपुर, खिज्रसराय, मोहनपुर, टिकारी, वजीरगंज एवं मोहडा प्रखंड अंतर्गत आदर्श ग्राम में काफी राशि बची रहने, ग्राम सभा से काफी पूर्व पारित योजनाओं का प्राक्कलन तैयार कर स्वीकृति हेतु नहीं भेजने के कारण इन प्रखंडों के प्रखंड विकास पदाधिकारी के विरूद्ध प्रपत्र-क में आरोप गठित कर कार्रवाई करने का आदेश दिया गया. वहीं टनकुप्पा के प्रखंड विकास पदाधिकारी के खिलाफ उपरोक्त कारणों से अकर्मण्यता के लिए प्रपत्र—क में आरोप गठित कर पद से हटाने की अनुशंसा सरकार से करने का निदेश दिया गया. प्रधानमंत्री आदर्श ग्राम योजनाओं के क्रियान्वयन के लिए संविदा पर नियुक्त तीन कनीय अभियंता सह प्रखंड समन्वयक को अकर्मण्यता के कारण उनके पद से मुक्त करने का आदेश जिलाधिकारी ने देते हुए नये सिरे से कनीय अभियंता चयन कर योजनाओ के क्रियान्वयन का निदेश दिया है.
मुख्यमंत्री निश्चय योजना के अंतर्गत ‘नल का जल निश्चय योजना’ की समीक्षा में जिलाधिकारी ने कहा कि सभी चयनित वार्डों में योजना के क्रियान्वयन के लिए राशि उपलब्ध करा दी गई है. मॉडल एस्टीमेट एवं गाइडलाईन भी भेजा गया है. सरकार इस योजना के क्रियान्वयन में तेजी लाने के लिए गंभीर है. जहां दूषित जल नहीं है, वैसे 302 पंचायतों के चयनित वार्डों में मॉडल एस्टीमेट के आधार पर कार्य आरंभ करें. पीएचईडी के कनीय अभियंताओं की प्रखंडवार टैगिंग कर दी गई है जो तकनीकी सहयोग प्रदान करेंगें. नल का जल योजना के बाद पक्की नाली एवं गली योजना आरंभ करें. योजनाओं के क्रियान्वयन में जहां समस्या आ रहीं है हमें बताएं. उप—विकास आयुक्त एवं निदेशक लेखा प्रशासन एवं स्वनियोजन प्रतिदिन इसकी मॉनिटरिंग करेंगे. जिलाधिकारी ने कहा कि प्रत्येक प्रखंड से दो-दो आदर्श ग्राम घोषित करना है. इन आदर्श ग्राम की सूची अविलम्ब उपलब्ध करायें ताकि सत्यापन कराया जा सके.
इन आदर्श ग्रामों में बाकी योजनाएं तेजी से पूरा करें. जो चालू योजना है उसे अगले दो माह मे अनिवार्य से पूरा कर लें. कोई भी योजना अनंत काल तक नहीं चलनी चाहिए. आईपीए योजना में लंबित डीसी बिल के समायोजन नहीं होने पर जिलाधिकारी ने 15 मई तक की मोहलत एलईओ-1 एवं 2, भवन प्रमंडल, शिक्षा विभाग के कार्यपालक अभियंता को देते हुए कहा कि समायोजन नहीं होने पर प्रमंडल के सभी कार्यपालक, सहायक एवं कनीय अभियंताओं का वेतन बंद रहेगा. इसी प्रकार आईएपी योजना में लंबित डीसी बिल समायोजन 15 मई तक नहीं करने पर डीपीओ आईसीडीएस, सीडीपीओ, प्रखंड विकास पदाधिकारी टिकारी, बेलागंज, बोधगया, आमस का वेतन बंद करने का निर्देश दिया गया. मंदिर चाहरदीवारी योजना में सभी प्रखंड विकास पदाधिकारियों को निदेश दिया गया कि अपने क्षेत्र में अवस्थित ऐसे मंदिर जहां चाहरदीवारी की आवश्यकता है, बताएं. प्राथमिता सूची में होने पर शीघ्र स्वीकृत कर क्रियान्वित की जायेगी. बैठक में निदेशक लेखा प्रशासन एवं स्वनियोजन,  शंभुनाथ झा, प्रभारी पदाधिकारी विकास, कार्यपालक अभियंता, पीएचईडी, एलईओ-1 व 2, डूडा, भवन, सभी प्रखंड विकास पदाधिकारी सहित अन्य उपस्थित थे.

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