समय पर विद्यालय नहीं पहुंचने वाले शिक्षकों पर डीएम लेगी एक्शन, निरीक्षण का आदेश

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नवादा (रवीन्द्र नाथ भैया): विद्यालयों में शिक्षक समय से पहुंचे और समय से स्कूल छोड़ें, इसे हर हाल में सुनिश्चित करवायें. उक्त बातें जिला पदाधिकारी कौशल कुमार ने समाहरणालय सभाकक्ष में आयोजित जिला शिक्षा विभाग की समीक्षा बैठक में कही. उन्होंने प्रखंड शिक्षा पदाधिकारियों द्वारा विद्यालयों के निरीक्षण की समीक्षा के क्रम में कहा कि निरीक्षण सिर्फ औपचारिकता के लिए नहीं करें बल्कि निरीक्षण पूरी गुणवत्तापूर्ण होनी चाहिए तथा निरीक्षण के उपरान्त उसका सकारात्मक परिणाम भी दिखाई पड़नी चाहिए.

जिला स्तरीय पदाधिकारियों द्वारा निरीक्षण की समीक्षा के क्रम में यह पाया गया कि अधिकतर पदाधिकारियों ने जिला मुख्यालय एवं उसके आस-पास के विद्यालयों का ही निरीक्षण किया है. डीएम ने कहा कि निरीक्षण सभी प्रखंडों में करें. उन्होंने निर्देश दिया कि टीम बनाकर सुदूरवर्ती प्रखंडों में एक ही दिन लगभग सभी विद्यालयों का औचक निरीक्षण करें।.

विद्यालय आरंभ होते ही करें निरीक्षण

उन्होंने कहा कि विद्यालय शुरू होने के पहले ही निरीक्षण के लिए विद्यालय में पहुंच जांय. निरीक्षण किये गए विद्यालयों में शिक्षकों की औसत उपस्थिति 86 प्रतिशत रही वहीं विद्यार्थियों की उपस्थिति का औसत 64 प्रतिशत रहा. डीएम ने निर्देश दिया कि व्हाट्सअप ग्रुप बनाकर निरीक्षण का फोटोग्राफ्स भेजें.

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शत-प्रतिशत हो नामांकन

कस्तूरवा विद्यालय के समीक्षा के क्रम में पाया गया कि काशीचक में 34 एवं वारिसलीगंज में 62 छात्राएं ही नामांकित हैं. डीएम ने निर्देश दिया कि कम से कम 100 छात्राएं का नामांकण होनी चाहिए. उन्होंने कहा कि जिन कस्तूरबा विद्यालय में वार्डन नहीं हैं, वहां वार्डन की बहाली के लिए अविलम्ब कदम उठायें. छात्र-छात्राओं के आधार पंजीकरण एवं बैंक खाता खुलवाने में तेजी लाकर शत प्रतिशत लक्ष्य को प्राप्त करने का निर्देश डीएम द्वारा दिया गया. उन्होंने कहा कि अब छात्रवृति की राशि, पोशाक की राशि, सायकिल की राशि आदि कल्याणकारी योजनाएं की राशि सीधे छात्रों के खाते में भेजा जाना है. अतः ऐसी स्थिति में शत प्रतिशत छात्र-छात्राओं का आधार नम्बर एवं खाता नम्बर प्राप्त करना आश्ष्यक है.
किसी भी हाल में बंद न हो एमडीएमः

एमडीएम की समीक्षा के क्रम में पाया गया कि जिले के 1685 स्कूलों में एमडीएम चल रहा है, जिसमें 4726 रसोइया है. 1402 विद्यालयों में रसोईघर का निर्माण हो चुका है. डीएम ने निर्देश दिया कि निर्माणाधीन रसोईघरों को शीघ्र निर्माण कर लें. उन्होंने जिला प्रबंधक राज्य खाद्य निगम को निर्देश दिया कि उत्तम गुणवत्ता वाली चावल प्रत्येक माह के 15 से 20 तारीख तक एमडीएम हेतु उपलब्ध करायें. डीएम ने कहा कि किसी भी हाल में एमडीएम बन्द नहीं होनी चाहिए. उन्होंने कहा कि मेरे निरीक्षण के क्रम में अगर कहीं भी एमडीएम में गड़बड़ी पाया जाता है तो संबंधित पदाधिकारी सीधे जबावदेह होंगे. जिले में बन रहे माॅडल स्कूल भवन के निर्माण के समीक्षा के क्रम में यह पाया गया कि कुल 13 में से 5 स्कूल बनकर हैंडओवर किये जा चुके हैं तथा 5 स्कूल फिनिशिंग स्टेज में है तथा शेष में भूमि उपलब्धता की आवश्यकता है. डीएम ने निर्देश दिया कि जिन माॅडल स्कूलों का हैंडओवर हो चुका है, उसमें सरकार के निर्देशानुसार उच्च विद्यालयों को शिफ्ट करवाकर पढ़ाई शुरू करवायें. इसके अतिरिक्त वर्ग कक्ष का निर्माण, राजकीयकृत प्रोजेक्ट कन्या विद्यालय के भवन निर्माण, उच्च विद्यालयों में प्रयोगशाला एवं क्राफ्ट कक्ष का निर्माण, मानवाधिकार, जन शिकायत, न्यायालय आदि से संबंधित मामले का भी समीक्षा किया गया.
पठायें स्वच्छता का पाठः-

डीएम ने निर्देश दिया कि सभी विद्यालयों में पढ़ाई शुरू करने के पूर्व 15 मिनट छात्र-छात्राओं को स्वच्छता का पाठ पढ़ाया जाय ताकि जिले में चलाये जा रहे स्वच्छता अभियान को और भी तेज गति मिल सके. उन्होंने स्वच्छता, बाल बिवाह, दहेज प्रथा आदि महत्वपूर्ण विषयों पर बच्चों के बीच पेंटींग प्रतियोगिता, निबंध प्रतियोगिता, वाद-विवाद आदि कराने का निर्देश दिया.
बैठक में जिला शिक्षा पदाधिकारी सहजानन्द, डीपीआरओ परिमल कुमार, डीएम एसएफसी प्रवीण कुमार दीपक, डीपीओ मिथलश्ष कुमार, डीपीओ चिन्ता कुमारी, डीपीएम महिला विकास निगम ब्रजेश कुमार सुधाकर सहित सभी डीपीओ, सभी प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी एवं सभी कनीय अभियंता आदि उपस्थित थे.

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