नवादा में मानवता शर्मसार, बाल संरक्षण पदाधिकारी से दुर्व्यवहार और मारपीट

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नवादा (पंकज कुमार सिन्हा): शहर के लाइनपार मिर्जापुर स्थित विशिष्ट दत्तक ग्रहण संस्थान में शनिवार को बाल संरक्षण पदाधिकारी और उसके सहयोगी के साथ मारपीट करने और सरकारी काम में बाधा पहुंचाने से संबंधित एफआईआर नगर थाने में दर्ज कराई गई है. घटना की जानकारी के अनुसार, मिर्जापुर स्थित विशिष्ट दत्तक ग्रहण संस्थान में पिछले कुछ दिनों से चार अनाथ बच्चों की मौत के बाद सरकार के द्वारा इसका पंजीयन रद्द कर दिया गया है. पंजीयन रद्द होने के बाद जिलाधिकारी कौशल कुमार के निर्देश पर बाल संरक्षण पदाधिकारी तथा उसके एक सहयोगी शनिवार को संस्थान में रिकॉर्ड की जांच करने तथा मामले का प्रभार लेने के लिए पहुंचे थे.

इसी दौरान संस्थान के संचालक एम पी सिन्हा तथा उनके कुछ सहयोगियों द्वारा महिला पदाधिकारी और उसके सहयोगी के साथ दुर्व्यवहार और मारपीट की घटना को अंजाम दिया गया. इस संबंध में पत्रकारों को जानकारी देते हुए बाल संरक्षण पदाधिकारी ने बताई कि संस्थान के संचालक कार्यों में सहयोग नहीं किए और जब जानकारी की मांग की तो उलझकर बोलते हुए हाथापाई तक कर दिए.

घटना की सूचना महिला अधिकारी ने जिलाधिकारी कौशल कुमार को दी जिस के उपरांत नगर थाना अध्यक्ष अंजनी कुमार पुलिस बल के साथ घटनास्थल पर पहुंचे. वहां पहुंचकर उन्होंने पीड़ित अधिकारी और दत्तक संस्थान के कर्मियों से पूछताछ की. पूछताछ के दौरान कई महिला कर्मियों और एमपी सिन्हा ने महिला अधिकारी पर 7 महीने का वेतन देने के बदले नाजायज राशि की मांग किए जाने का आरोप लगाया है. इससे संबंधित जानकारी जिलाधिकारी को दी गई है.

जिलाधिकारी ने ही संस्थान को चार्ज लेने के लिए महिला अधिकारी को दत्तक ग्रहण संस्थान में भेजे थे. मामला पुल पकड़ता जा रहा है. गौरतलब है कि विशिष्ट दत्तक ग्रहण संस्थान में पिछले 6 महीनों के दौरान 4 बच्चों की मौत हो गयी, जिसके बाद संस्थान की मान्यता समाप्त कर दी गयी है. संस्थान में शनिवार को बाल संरक्षण पदाधिकारी और उसके सहयोगी के साथ मारपीट करने और सरकारी काम में बाधा पहुंचाने से संबंधित एफआईआर नगर थाने में दर्ज कराई गई है.

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