#बनो नई सोच : 40 प्रतिशत महिलाएं घरेलू हिंसा का शिकार

पटना : (मनोज कुमार) ऑक्सफेम इंडिया के तहत ‘बनो नई सोच’ कैम्पेन को पटना के श्री कृष्णा मेमोरियल हॉल में 25 नवंबर को लांच किया गया, जिसके तहत महिलाओं को आत्मनिर्भर होने के लिए प्रेरित किया गया. इस अवसर पर ऑक्सफेम इंडिया की सीइओ निशा अग्रवाल ने महिलाओं को संबोधित करते हुए कहा कि बिहार और भारत में  ही नहीं बल्कि पूरे विश्व् के एक तिहाई हिस्से में महिलाओं के साथ घरेलू हिंसा हो रही है. एक सर्वे में माना गया है कि 40 प्रतिशत महिलाओं के साथ घरेलू हिंसा हो रही है.

बिहार में 45 प्रतिशत महिलाओं के साथ होती है घरेलू हिंसा 

अग्रवाल ने आगे कहा कि भारतीय महिला घर के सारे काम करती है, बावजूद इसके छोटी-छोटी बातों पर उनके साथ हिंसा की जाती है. कभी खाना ख़राब बनाने के नाम पर, कभी कपडे ठीक से न साफ़ होने के नाम पर तो कभी कुछ और. हमारा लक्ष्य है कि 2030 तक विश्व् को घरेलू हिंसा से मुक्त करवा लिया जाये. पूरे इंडिया में बिहार में ही घरलू हिंसा में बीते दस सालों में अच्छा काम हो रहा है. 10 साल पहले बिहार में घरेलू हिंसा के आंकड़े 60 प्रतिशत तक पहुंच चुके थे, जो कि घट कर अभी 45 प्रतिशत रह गयी है और हमारा लक्ष्य है कि यह शून्य प्रतिशत हो जाए. आज पुरषों और महिलाओं में कोई अंतर नहीं है.

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महिलाओं को आत्मनिर्भर होने की जरूरत 

झारखंड की 13 साल की बच्ची अगर माउंट एवेरेस्ट पर चढ़ सकती है तो हम और हमारी बेटियां क्यों नहीं. सभी महिलाओं को आत्मनिर्भर होकर कमाना चाहिये और खुद पर खर्च करने की आजादी होनी चाहिए. तकरीबन 10 साल पहले भी महिलाओं पर हो रहे घरेलू हिंसा को रोकने के लिए कानून बनाये गए थे पर यह कुछ ख़ास कारगर नहीं रहा. यह दुर्भाग्य है कि कानून होने के बावजूद एक घर में लड़के और लड़की को घर के संपत्ति में बराबर का हिस्सा नहीं दिया जाता है. पूरे भारत में बिहार में ही पहली बार मुखिया के चुनाव में महिलाओं को 50 प्रतिशत का आरक्षण दिया गया. उंसके बाद अन्य राज्यों ने इसकी शुरुआत की गयी. महिलाओं पर अगर हिंसा हो रही है तो उन्हें पता होना चाहिए कि कहां जाकर इसकी शिकायत की जाती है. घरेलू हिंसा को रोकने के लिए समाज और सरकार को साथ मिलकर काम करना होगा.

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घरेलू हिंसा हो तो इस नंबर पर कर सकते हैं 
ऑक्सफेम इंडिया गांव-गाव जा कर महिलाओं को बताती है कि घरेलू हिंसा हो तो आवाज उठायें, महिलाओं को आत्मनिर्भरता के लिए सिलाई कढ़ाई और बैंड बजाना सिखाती है और छोटी बच्चियों को स्कूल भेजना और आत्मरक्षा के लिए जुडो-कराटा सिखाया जाता है. ऑक्सफेम इंडिया ने एक संपर्क नंबर 09700089555 भी जारी कर रखा है जिसके माध्यम से ऑक्सफेम इंडिया के बारे में जानकारी प्राप्त की जा सकती है और इससे जुड़ कर घरेलू हिंसा के खिलाफ काम किया जा सकता है.

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