इस्‍तेमाल होने के लिए तैयार नहीं हैं बिहार के IAS के के पाठक

नई दिल्‍ली : बिहार के आईएएस के के पाठक की गूंज आज बुधवार 2 अगस्‍त को लोक सभा में सुनाई पड़ी. बिहार में भाजपा के साथ नीतीश कुमार की नई सरकार ने बालू माफिया के खिलाफ बड़ा आपरेशन शुरु किया है. डिप्‍टी चीफ मिनिस्‍टर सुशील कुमार मोदी आरोप कर रहे हैं कि बालू माफिया राजद की पालिटिकल फंडिंग करता है. बिहार सरकार ने आईएएस अधिकारियों के स्‍थानांतरण-पदस्‍थापन में सख्‍त माने जाने वाले के के पाठक को खान व भूतत्‍व विभाग का प्रधान सचिव बनाया. लेकिन पाठक ने नये पद पर योगदान करने से इंकार कर दिया है.

 

studio11

पटना की रिपोर्ट्स के मुताबिक चीफ सेक्रेट्री अंजनी कुमार सिंह ने पाठक के इंकार को गंभीरता से लिया है. वे कह रहे हैं कि पाठक पहले योगदान करें,फिर उनके पक्ष पर विचार किया जाएगा. पाठक कह रहे हैं कि उन्‍हें ट्रेनिंग में जाना है और हार्वर्ड जाने का भी प्‍लान है. पर जानकार कह रहे हैं कि पाठक के इंकार के पीछे एक्‍साइज कमिश्‍नर के कार्यकाल के दौरान में सरकार के साथ उनका फंसा पंगा है.

 

पाठक के मुद्दे को आज मधेपुरा के सांसद राजेश रंजन उर्फ पप्‍पू यादव ने उठाया. बोले – के के पाठक अब और इस्‍तेमाल को तैयार नहीं हैं. वे जानते हैं कि सरकार एकपक्षीय कार्रवाई के लिए तैनात कर रही है. पाठक एकपक्षीय होना मंजूर नहीं करते हैं. यादव ने कहा कि माफिया के खिलाफ कार्रवाई जरुरी है, पर सबों पर एक्‍शन हो,चाहे वह कोई भी हो और किसी से भी जुड़ा हो.

हाथ में कोई लिस्‍ट लिए यादव ने कहा कि वे बालू और पत्‍थर माफिया की लिस्‍ट प्रधान मंत्री,मुख्‍य मंत्री व सीबीआई को सौंपने जा रहे हैं. अरबों का काला धंधा है. जांच सिर्फ पिछले दो वर्षों का नहीं,बल्कि 2005 से लेकर 2017 तक की अवधि का हो. कोई न बचे,सभी कानून की जद में आएं,इसका ख्‍याल रखा जाए.

यह भी पढ़ें –
बड़ी खबर : बालू माफिया के खिलाफ लड़ाई को तैयार नहीं हुए IAS के के पाठक
AK-47 लिए महिला पुलिस अब पटना की सड़कों पर, बात से नहीं मानोगे तो गोली चला देगी
बाबा रे बाबा, पटना राजधानी में सो मत जाना, लुट जाओगे

About Anjani Pandey 863 Articles
I write on Politics, Crime and everything else.

Be the first to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published.


*