सोशल मीडिया टेक्निक्स : इनका इस्तेमाल कर अपने बिजनस को दें नया आयाम

– आदित्य नारायण –

आज कोई बड़ा ब्रांड हो या लोकल ब्रांड सबके सामने यह चुनौती है कि ‘डिजिटल प्रेजेनस’ कैसे बनाया जाएं. क्योंकि बदलते वक्त के साथ ग्राहकों ने अब फीडबैक और शिकायतों के लिए नए तरीके अपना लिए है. अब कोई भी अपनी समस्या के लिए कॉल सेंटर में कॉल नहीं करता, जहां से उसे ‘सात कार्य दिवसों’ या जल्द से जल्द 48 घंटों में सामाधान देने का वादा किया जाता था. आज, यह काफी नहीं है. अब अगर कोई ग्राहक उत्पाद या सेवा से खुश नहीं है, तो स्मार्टफोन से एक ट्वीट या फेसबुक स्टेटस पोस्ट कर देता है.और कुछ ही मिनटों के भीतर ट्वीट वायरल हो जाता है. री-ट्वीट, लाइक्स तथा फॉरवर्ड इसे और फैलाने का काम करते है.



आप सोच रहे होंगे अचानक से इतना बदलाव आया कैसे? ये कौन लोग है जो पारंपरिक तरीकों से अलग हटकर इतना तेज भागने लगे? हम आपके इन सारे सवालों के जवाब देता है. ये वो लोग है, जो डिजिटल युग में पैदा हुए हैं.स्मार्ट फोन एवं टैबलेट का उपयोग करने में कुशल व सहज हैं. सोशल मीडिया पर सक्रिय हैं.और किसी भी तरह की समस्याओं को घंटो या दिनों की जगह पर मिनटों में हल करने की अपेक्षा करते हैं.

क्या है सोशल मीडिया?

सोशल मीडिया आज एक शक्तिशाली प्लैटफार्म है. जिसके द्वारा हम अधिक से अधिक लोगों तक पहुंच सकते है. यहां दो तरह के विज्ञापन होते है ऑर्गेनिक और ननऑर्गेनिक. आज सोशल मीडिया का उपयोग बड़े से छोटे ब्रांड तक कर रहे हैं. जिससे अपने ब्रांड के प्रति लोगों का विश्वास बना रहे. राजनेता, छोटे बिजनेस या फिर रेस्टोरेंट हर किसी का अपना सोशल मीडिया टीम है, जो अच्छा ग्राफिक्स, लुभावने कटेंट और एक तगरी रणनीति के तहत सोशल अकाउंटस को चलाते है. सोशल मीडिया की सबसे खास बात यह है कि आप इसके द्वारा अपने आॅडियंस को जेडंर, क्लास, लोकेशन, इंटरेस्ट और एज ग्रुप के हिसाब से टार्गेट कर सकते है, जिससे उन तक पहुंचना और आसान हो जाता है. आज लाइव सिटीज के साथ जानिए कुछ मजेदार सोशल मीडिया टेक्निकस.जिससे आप अपने लोकल बिजनेस का डिजिटल प्रेजेंस को बढ़ा सकते है.

लोकल बिजनेस तक पहुंने का मीडियम बन चुका है सोशल मीडिया

अब भी मार्केटिंग पारंपरिक तरीके से की जाती है.पैंपलेट प्रिंट होते है. लेकिन आज डिजिटल युग में रह रहे लोगों के पास क्या इतना समय है कि वो अखबार या प्रिंटेड हार्ड कॉपी से जानकारी लें. नहीं, अब लोग किसी भी तरह की जानकारी के लिए इन तरीकों का इस्तेमाल नहीं करते.

क्योंकि कोई भी डिजिटली लिटरेट इंसान घंटो अपना समय अपने आस पास की चीजों को ढूंढने के लिए अखबारों या पैंपलेट्स में सर्च नहीं करेगा. इंटरनेट उपयोगकर्ता आज गूगल पर किसी भी तरह की जानकारी के लिए रेवेलंट कीवर्ड सर्च करते है.

चाहें वो कोई समोसे वाला, सलून हो या फैशन ब्रांडस हर तरह की जानकारी गूगल बाबा के पास उपलब्ध है. सोशल मीडिया के आ जाने से चीजें बदली हैं. उपभोकताओं के लिए और भी आसान होगया है कि वो किसी भी ब्रांड और वहां मिलने वाले प्रोडक्ट्स के बारे में बेहतर समझ सकें.

क्योंकि आज छोटा से बड़ा बिजनेस सोशल मीडिया पर मौजूद है. जिस वजह से लोगों को सारी जानकारी सोशल मीडिया पेज से ही मिल जाती है. जैसे में प्रोडक्ट से जुड़े जानकारी से लेकर, उसके बारे मेंकस्टमर रिव्यु तक. ये सारी वजहों से सोशल मीडिया आज ग्राहकों के लिए विश्वसनीय प्लैटफार्म बन कर उभरा है.

मुफ्त में प्रचार का कारगर जरिया है सोशल मीडिया

अगर आपका कोई बिजनेस है. और फेसबुक, ट्वीटर, इंस्टाग्राम या इस तरह के किसी भी पॉपुलरसोशल नेटर्वक पर आप की प्रेजेंस है, तो आपके किए गए प्रत्येक पोस्ट पर मिलने वाले लाइक्स, शेयर, ट्वीट्स से आपके बिजनेस को फ्री पब्लिसिटी मिल जाती है.

यह ठीक उसी तरह प्रचार का माध्यम है. जिसे पारंपरिक एडवर्टाइजिंग में माउथ टू माउथ पब्लिसीटी होता था. इस तरह के फ्री एडवर्टाइजिंग से न सिर्फ आपके बिजनेस के बारे में लोग जागरूक होते है. साथ जेन्युइन लीडस् मिलने की संभावना बढ़ जाती है.

संभावनाओं के साथ बेहतर संचार का माध्यम

अक्सर कई बार होता है कि हमें प्रोडक्टस पसंद नहीं आता. पर कुछ संकोच या किसी अन्य कारण वस हम उसके बारे में अपनी प्रतिक्रिया नहीं दे पाते. पर सोशल मीडिया पर हम बिना किसी संकोच के उसी प्रोडक्ट को अपनी रेटिंग दे सकते हैं.

पसंद आने पर तारीफ और न पसंद आने पर क्रिटीसाइज भी कर सकते हैं. ठीक, उसी तरह ब्रांडस के पास भी यह सहूलियत रहती है कि उस रिव्यु पर एक बेहतर जवाब देकर उपभोक्ता का विश्वास बनाएं रख सकें. क्योंकि जब आप अपने कंज्यूमर से डायरेक्ट बात करते हैं, तो उसका एक पोजेटिव इंपैकट पड़ता है.

बेहतर एसइओ के लिए भी कारगर है सोशल मीडिया

सोशल मीडिया एसइओ के लिए भी एक बेहतरीन जरिया है. अब यह बताने की जरूरत नहीं की डिजिटल प्रेजेंस के लिए एसइओ ठीक उसी तरह है, जैसे मटर पनीर में पनीर. अगर आपकी सोशल मीडिया पर बेहतर प्रेजेंस है, तो सर्च इंजन के क्रॉलर आपको जल्दी रिकोगनाइज करते है. जिससे सर्च इंजन में आपकी रैकिंग बेहतर होती है. रैकिंग होना यानि बेहतर विजविलिटी. और मार्केटिंग वर्ल्ड का तो फंडा है.

जो दिखता है, वही बिकता है.

क्या आप भी अपने लोकल बिजनस के लिए इन टेक्निकस का इस्तेमाल करते है?

ICON