शोर बहुत तेज है,बिहार कांग्रेस को मिल रहा है नया अध्‍यक्ष !

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पटना : शोर इतना तेज है कि चर्चा बिहार प्रदेश कांग्रेस कमेटी के मुख्‍यालय सदाकत आश्रम से लेकर जिला कांग्रेस कमेटियों तक पहुंच गई है . फैसला दिल्‍ली में होना है . सो,अंतिम दौर की खेमेबंदी दिल्‍ली में चल रही है . इतना सब कुछ बिहार प्रदेश कांग्रेस कमेटी के नये अध्‍यक्ष की नियुक्ति को लेकर हो रहा है . अभी अशोक चौधरी बिहार प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्‍यक्ष के साथ-साथ बिहार सरकार में शिक्षा मंत्री भी हैं .

जानकार कह रहे हैं कि कांग्रेस के आलाकमान को अशोक चौघरी से कोई शिकायत नहीं है . राहुल गांधी भरोसा भी करते हैं . लेकिन पार्टी,अब बिहार को पूर्णकालिक अध्‍यक्ष देना चाहती है . पार्टी आलाकमान ने माना है कि अशोक चौधरी के कार्यकाल में बिहार में कांग्रेस ने प्रगति की . पुराने दिनों की ओर लौटने में काफी हद तक कामयाबी मिली . शून्‍य से आगे बढ़े . परिणाम,पहले बिहार विधान परिषद और बाद में बिहार विधान सभा में कांग्रेस की मजबूत उपस्थिति दर्ज हुई . महागठबंधन में भागीदारी ने बिहार में कांग्रेस को सत्‍ता का हिस्‍सेदार बनाया . वर्तमान अध्‍यक्ष अशोक चौधरी के रिश्‍ते मुख्‍य मंत्री नीतीश कुमार से भी बहुत बेहतर है .

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कांग्रेस के अंदरुनी सूत्र बताते हैं कि अशोक चौधरी संगठन को अपनी सेवा देने को मंत्री पद तक को त्‍यागने को तैयार रहे हैं . पर अध्‍यक्ष के रुप में उनके कार्यकाल का चार वर्ष से अधिक हो चुका है . फिर सामाजिक समीकरण के हिसाब से कांग्रेस बिहार में किसी ब्राह्मण-भूमिहार को अध्‍यक्ष बनाना चाहती है . इस कारण बदलाव तय मान लिया गया है . बदलाव की बातें पहले भी होती रही है .

पहले अशोक चौधरी बिहार कांग्रेस के उपाध्‍यक्ष ब्रजेश पांडेय को आगे बढ़ाना चाहते थे . सीपी जोशी का आशीर्वाद भी ब्रजेश पांडेय को प्राप्‍त था . लेकिन कांग्रेस के पूर्व मंत्री की बेटी के यौन शोषण मामले में ब्रजेश पांडेय के फंस जाने के बाद आगे बढ़ने का चैप्‍टर तत्‍काल प्रभाव से बंद हो गया . प्रदेश कांग्रेस अध्‍यक्ष के पद के लिए भारत सरकार के पूर्व मंत्री अखिलेश प्रसाद सिंह का नाम लंबे अर्से से चलता रहा है . दिल्‍ली में उनकी पैठ भी तगड़ी है .

वर्तमान चर्चा में भी नये अध्‍यक्ष के रुप में अखिलेश प्रसाद सिंह की चर्चा ही सबसे अधिक है . पर इसे रोकने को अभी प्रभावी गुट लगा है . दिल्‍ली में सोनिया गांधी-राहुल गांधी के दरबार में तगड़ी लॉबिंग चल रही है . यह गुट बदलाव की स्थिति में बेगूसराय की कांग्रेस विधायक अमिता भूषण के नाम पर सहमत है . अमिता भूषण बिहार प्रदेश महिला कांग्रेस कमेटी की अध्‍यक्ष भी हैं . भूमिहार जाति से होने के साथ ही कांग्रेस परिवार की पृष्‍ठभूमि है . आगे का आलाकमान का अंतिम निर्णय जानने को अभी वेट करना होगा .

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