बिहार में ‘छक्का’ मारने की तैयारी में कांग्रेस, पूरी प्लानिंग सेट है !

लाइव सिटीज डेस्क : बिहार की राजनीति फिर से नया मोड़ लेने वाली है. खबर ही कुछ ऐसी है. चारा घोटाला में लालू प्रसाद को दोषी करार दिए जाने से तो वैसे ही बिहार की सियासत गरम है. लेकिन अब जो खबर मिल रही है इससे राजनीति और भी गरम हो सकती है. इस बार कांग्रेस पार्टी बिहार में उलटफेर करने की तैयारी में है. सूत्रों पर यकीन किया जाए तो कांग्रेस बिहार में सेंधमारी की तैयारी में लगी है. दरअसल यह पार्टी कई दिग्गज नेताओं को अपनी पार्टी में शामिल करने की प्लानिंग में है. कहा जा रहा है कि संक्रांति के बाद दल-बदल का खेल शुरू हो जाएगा. कौकब कादरी ने पार्टी ध्वज फहरा कर मनाया कांग्रेस का 133वां स्थापना दिवस

कीर्ति झा आजाद भाजपा से निलंबित सांसद (फाइल फोटो)

मिल रही ख़बरों के मुताबिक, भाजपा से निलंबित सांसद कीर्ति झा आजाद, बिहार के पूर्व सीएम जीतन राम मांझी, बिहार सरकार में पूर्व मंत्री नीतीश मिश्रा (भाजपा), कटिहार सांसद तारिक अनवर (एनसीपी), पूर्व विधानसभा अध्यक्ष उदय नारायण चौधरी (जदयू) समेत कई और ऐसे नाम हैं जिन्हें कांग्रेस पार्टी अपने खेमे में शामिल कर सकती है.  बताया जा रहा है कि कांग्रेस ने इसके लिए तैयारी भी कर ली है. सभी नेताओं से संपर्क किया जा चुका है. कहा जा रहा है कि ये सब ऐसे नेता हैं जो कहीं न कहीं अपनी पार्टी से नाराज चल रहे हैं.



जीतनराम मांझी (फाइल फोटो)

बता दें कि जब से बिहार में महागठबंधन टूटा है. बिहार की राजनीति करवटें ले रही है. नीतीश कुमार की पार्टी से उनके पुराने और वरिष्ठ नेता शरद यादव, रमई राम, अली अनवर समेत कुछ और बड़े नेताओं ने बागवत कर लिए. फिर जदयू ने उन सब पर कारवाई कर पार्टी से निकाल दिया. हाल तक यह कयास जोरों पर था कि शरद यादव लालू प्रसाद की पार्टी राजद में शामिल हो सकते हैं. लेकिन अब तक ऐसा नहीं हुआ है. वहीं अपनी पार्टी ‘हम’ बना चुके मांझी भी बीच-बीच में अपने सहयोगी दलों के खिलाफ बोलते नजर आ जाते हैं. अगर कीर्ति झा आजाद की बात करें तो उन्हें भाजपा ने अरुण जेटली के खिलाफ बोलने पर निलंबित कर रखा है. वे भी अपनी पार्टी से नाराज चल रहे हैं. पूर्व विधानसभा अध्यक्ष उदय नारायण चौधरी भी जदयू से नाराज चल रहे हैं.

उदय नारायण चौधरी (फाइल फोटो)

ऐसे में कांग्रेस इन सबको साधने की तैयारी में है. बता दें कि कल गुरुवार को ही कांग्रेस का 133वां स्थापना दिवस भी था. राहुल गांधी कुछ दिनों पहले ही कांग्रेस के अध्यक्ष बने हैं. पार्टी में फिर से नया जोश है. और संगठन को मजबूत करने की तैयारी में कांग्रेस जुट गई है.