वशिष्ठ नारायण सिंह से मिले बसपा और कांग्रेस विधायक, सियासी हलचल तेज, बढ़ सकता है जेडीयू विधायकों का कुनबा

लाइव सिटीज, सेंट्रल डेस्क: बहुत जल्द जेडीयू विधायकों की संख्या में इजाफा हो सकता है. इसको लेकर नये समीकरण के आसार दिखने लगे हैं. आज जेडीयू प्रदेश अध्यक्ष वशिष्ठ नारायण सिंह के आवास पर बीएसपी विधायक जमा खान और कांग्रेस विधायक मुरारी गौतम ने मुलाकात की. इस मुलाकात को लेकर राजनीतिक गलियारे में कयासों का दौर शुरू हो गया है.

मुलाकात के बाद वशिष्ठ नारायण सिंह ने कहा कि मुलाकात निजी है. बसपा के विधायक मोहम्मद जमा खान और कांग्रेस विधायक मुरारी गौतम से उनका पुराना संबंध है. यह दोनों शाहाबाद से चुनाव जीत कर आए हैं. लिहाजा यह मुलाकात सामान्य है. उन्होंने कहा कि इस दौरान शाहाबाद की समस्या और मां मुंडेश्वरी धाम के विकास पर चर्चा हुई.



वहीं बसपा और कांग्रेस विधायकों ने भी मुलाकात को सिर्फ औपचारिक बताते हुए कहा कि दोनों अपने-अपने क्षेत्र के विकास के मुद्दे को लेकर जेडीयू प्रदेश अध्यक्ष से मुलाकात की है. क्षेत्र की समस्या से उन्हें अवगत कराने और इसका निदान कराने की अपील करने आए थे.

चेनारी के कांग्रेस विधायक ने भी कहा कि वे मां मुंडेश्वरी धाम मंदिर की समस्या को लेकर जदयू प्रदेश अध्यक्ष से मिले हैं. इसमें राजनीतिक मायने नहीं निकाले जाने चाहिए. मुलाकात के समय बीजेपी के विधान पार्षद संतोष सिंह, जेडीयू नेता अजय आलोक समेत कई अन्य नेता मौजूद थे.

राजनीतिक पंडित इस मुलाकात के कई मायने निकालने लगे हैं. इनकी माने तो 2020 के चुनाव में जेडीयू को मात्र 43 सीटें मिली है. ऐसे में पार्टी की ओर से लगातार अपने कुनबे का विस्तार करने की कोशिश हो रही है. इसी उद्देश्य से बसपा और कांग्रेस के विधायकों को साधने की कोशिश की जा रही है. जिसकी एक तस्वीर आज देखने को मिला.

2020 के चुनाव में एक मात्र निर्दलीय विधायक सुमित सिंह ने पहले ही सीएम नीतीश कुमार को अपना समर्थन दे दिया है. अब बसपा का एक मात्र विधायक मोहम्मद जमा खान  जो चैनपुर से जीते हैं, उन्होंने आज वशिष्ठ नारायण सिंह के मुलाकात कर नये समीकरण की ओर से संकेत देने का काम किया है.