बिहार के दिव्यांग नीतीश को मिला अजातशत्रु सम्मान, नेशनल कैटेगरी में पैरा ओलंपिक कमेटी ने किया सम्मानित

लाइव सिटीज, सेंट्रल डेस्क :  बिहार के दिव्यांग नीतीश को मिला अजातशत्रु सम्मान. वह गोपालगंज के रहने वाले हैं. नीतीश ने दिव्यांग होने के बाद भी दूसरे दिव्यांगों की मदद की. खास बात कि चंडीगढ़ में आयोजित बोरशिया प्रतियोगिता में इन्हें सिल्वर मेडल मिला था.

कुचायकोट प्रखंड के उचकागांव निवासी दिव्यांग नीतीश कुमार सिंह को नेशनल कैटेगरी में अजातशत्रु सम्मान मिला. यह सम्मान देश में पहली बार किसी दिव्यांग युवक को दिया गया है. 20 वें वर्चुअल अवॉर्ड सेरेमनी में पैरा ओलंपिक कमेटी बिहार ने अजातशत्रु सम्मान से दिव्यांग नीतीश कुमार को नवाजा. जिले के लाल को नेशनल कैटेगरी में सम्मान मिलने पर लोगों में खुशी व्याप्त हो गई है.



दिव्यांग होने के बाद भी नीतीश जीवन से निराश नहीं हुए. खुद व्हीलचेयर पर जिंदगी जी रहे इस युवक ने अपने दोस्तों की टीम बनाकर दूसरे दिव्यांगों और समाज के कमजोर तबकों की मदद की. वे लगातार अपने इस नेक काम में लगे हुए हैं. गरीब परिवार के दिव्यांग लोगों को नीतीश अपनी टीम की मदद से ट्राई साइकिल, व्हीलचेयर, ऑटोमेटेड व्हीलचेयर देकर उनकी मदद करते हैं.

निर्मल सिंह के इकलौते पुत्र नीतीश सिंह छह साल पहले बाबाधाम से भोलेनाथ का दर्शन कर देवघर से स्कार्पियो से घर लौट रहे थे. इसी दौरान पटना में सड़क हादसे में नीतीश कुमार सिंह की रीढ़ की हड्डी टूट गई. इससे ये जीवनभर के लिए दिव्यांग हो गए. दिव्यांग होने के बाद भी नीतीश ने जीवन से निराश नहीं हुए. 13 मार्च से 16 मार्च तक चंडीगढ़  विश्वविद्यालय के खेल मैदान में दिव्यांग जनों के लिए आयोजित नेशनल बोरशिया प्रतियोगिता में इन्हें सिल्वर मेडल मिला.

अजातशत्रु सम्मान से सम्मानित होने पर दिव्यांग नीतीश कुमार सिंह  ने राज्य निशक्तता आयुक्त बिहार शिवाजी कुमार, बिहार विकलांग खेल अकादमी के खेल निदेशक संदीप कुमार तथा स्पेशल ओलंपिक बिहार के प्रोग्राम मैनेजर संतोष कुमार सिन्हा का विशेष तौर पर आभार व्यक्त किया.