विकास दुबे गैंग का फरार गुर्गा उमाकांत ने किया सरेंडर, पुलिस से कहा- साहब मेरा एनकाउंटर ना करें

लाइव सिटीज, सेंट्रल डेस्क : यूपी के विकास दुबे गैंग के गुर्गों को पुलिस बड़े ही बेसब्री से तलाश कर रही हैं. गैंग के कुछ गुर्गे मारे गए हैं तो कुछ अभी भी लुके छिपे फिर रहे है. बढ़ती पुलिसिया दबिश के कारण उन्हें अब एनकाउंटर का भय सताने लगा है.

ऐसे में एनकाउंटर से बचने के लिए विकास दुबे गैंग का एक गुर्गा उमाकांत ने खुद को सरेंडर कर दिया. परिवार के साथ थाना पहुंचा उमाकांत शुक्ला ने गले में तख्ती लटकाई थी. जिसमें खुद के विकास दुबे का साथी होने और कानपुर कांड में शामिल होने की बात लिखी थी. उमाकांत शुक्ला ने पुलिस से रहम की गुहार लगाते हुए कहा कि मैं सरेंडर करने आया हूं. कृपया मेरा एनकाउंटर नहीं किया जाए.



थाने में सरेंडर करने पहुंचा उमाकांत शुक्ला के साथ उसकी बेटी और पत्नी भी साथ में थी. उमाकांत शुक्ला ने पुलिस से कहा मेरा नाम उमाकांत शुक्ला उर्फ गुड्डन है. कानपुर कांड में मैं विकास दुबे के साथ शामिल था. मुझे पकडऩे के लिए कई जगह पुलिस रोज छापेमारी कर रही है, जिससे मैं बहुत डरा हुआ हूं. हमने तो कृत्य किया, उसकी हमें बहुत आत्मग्लानि है. मैं खुद पुलिस के सामने हाजिर हो रहा हूं. मेरी जान की रक्षा की जाए, मुझ पर रहम किया जाए.

इस दौरान उमाकांत शुक्ला की बेटी ने पुलिस से हाथ जोड़कर गुजारिश की कि उसके पापा सरेंडर करने आए हैं, पुलिस उस पर रहम करे. उनका एनकांउटर न किया जाए.

कानपुर के बिकरू कांड में शामिल 50 हजार के इनामी उमाकांत शुक्ला ने करीब महीने भर से ज्यादा दिनों से फरार था. मुख्य आरोपित विकास दुबे दस जुलाई को एसएटीएफ के साथ एनकाउंटर में मारा गया जबकि अन्य पांच अन्य भी एनकाउंटर में मारे गए हैं. एसटीएफ के साथ पुलिस अन्य नामजद की तलाश में हैं.