स्कॉलर बन नीट एग्जाम में खुद बैठा था डॉ. जॉन, सॉफ्टवेयर को किया था हैक

पटना : दिल्ली से आई क्राइम ब्रांच की टीम ने पीएमसीएच में रेडियोलॉजी डिपार्टमेंट के जूनियर डॉक्टर जॉन उर्फ राजीव रंजन को अरेस्ट कर लिया है. कोर्ट में पेशी के बाद क्राइम ब्रांच की टीम डॉक्टर जॉन को ट्रांजिट रिमांड पर अपने साथ दिल्ली ले जाएगी. डॉक्टर को ऐसे ही अरेस्ट नहीं किया गया है. इसके ऊपर कई गंभीर आरोप लगे थे. जिसे दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच की टीम ने अपनी जांच में सही पाया. इस साल मई महीने में नीट का एग्जाम हुआ था. आरोप है कि एमडी के लिए हुए आॅनलाईन एग्जाम में अरेस्ट किए गए डॉक्टर जान ने धांधली की.

पीएमसीएच में जॉब करते हुए ये एक स्कॉलर बना. स्कॉलर बन कर इसने दूसरे की जगह एग्जाम दिया. बात यहीं तक सीमित नहीं है. सीबीएसई जिस सॉफ्टवेयर के जरीए देश भर में आॅनलाइन एग्जाम कंडक्ट कराती है. आरोप है कि शातिर डॉक्टर जॉन ने उस सॉफ्टवेयर को ही हैक कर लिया था. क्राइम ब्रांच की टीम को इस बात के भी ठोस सबूत मिले हैं कि दो साल लगातार नीट के आॅनलाइन एग्जाम में इसने सेटिंग-गेटिंग के खेल को अंजाम दिया.

दिल्ली सहित कई शहरों में दर्ज हैं FIR

अब तक की जांच में जो बातें सामने आई हैं, उसके अनुसार डॉक्टर जॉन का कनेक्शन देश के एक बड़े रैकेट से है. जो नीट जैसे एग्जाम में रुपये लेकर सेटिंग-गेटिंग का खेल खेलता है. गौरतलब है कि इस साल हुए नीट एग्जाम का पेपर लीक होने की बात सामने आई थी. काफी तेजी से पेपर लीक का मैसेज सोशल नेटवर्क पर वायरल हुआ था. पटना, दिल्ली और जयपुर सहित कई शहरों में छापेमारी की गई थी. बताया जाता है कि अरेस्ट किए गए इस शातिर डॉक्टर का कनेक्शन इसी रैकेट से है. फिलहाल वो बातें दिल्ली में ही सामने आएंगी. जब क्राइम ब्रांच के अधिकारी उससे पूछताछ करेंंगे.

पीएमसीएच से कर चुका है एमबीबीएस

डॉक्टर जॉन मूल रूप से मधेपुरा का रहने वाला है. पीएमसीएच से ही इसने एमबीबीएस किया था. अब रेडियोलॉजी में जॉब भी यहीं कर रहा था. इसे इस बात की भनक जरा भी नहीं थी कि उसे पकड़ने दिल्ली से क्राइम ब्रांच की टीम पटना आ रही है. मंगलवार को टीम ने पटना आते ही पीरबहोर थाने के एसएचओ को कांटैक्ट किया और फिर इनकी मदद से छापेमारी कर डॉक्टर जान को अपने कब्जे में ले लिया. पीरबहोर थाना लाकर उससे शुरूआती पूछताछ भी की गई. अगर क्राइम ब्रांच की जांच सही दिशा में चल रही है तो उम्मीद है कि जल्द ही नीट एग्जाम के दौरान हुए धांधली मामले में एक बड़ा रैकेट सामने आएगा. रैकेट का सरगना कौन है? ये जानना और उस तक पहुंचना बेहद जरूरी है.