लालू प्रसाद के इस बयान पर अब साथ आया जदयू… पढ़ें पूरी रिपोर्ट

लाइव सिटीज डेस्कः राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद के एक बयान पर अब जदयू भी साथ आ गया है. ये बयान बीजेपी के वरिष्ठ नेता और बिहार के पूर्व उप मुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी को लेकर है. इस बयान में यह साफ किया गया है कि सुशील मोदी के लालू प्रसाद पर लगातार हमले के पीछे एक ही मंशा है. वो मंशा है सत्ता सुख भोगने की. इस बयान के मायने जो भी हों लेकिन एक बात तो साफ है कि इसमें सुशील मोदी को निशाना बनाया गया है.

जदयू प्रवक्ता संजय सिंह ने अपने फेसबुक पोस्ट के माध्यम से सुशील मोदी पर खूब हमला बोला है. संजय सिंह ने कहा है कि ”सुशील मोदी अपने राजनीति के संक्रमण काल से गुजर रहे हैं. बीजेपी ने उन्हें नेपथ्य में डाल दिया है. मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के शासन काल में वैसे जो भी भ्रष्टाचारी हैं जिन्होंने गलती की है, वो चाहे कितने भी ओहदेदार हों, सरकार ने उन्हें नहीं बख्शा. कई ऐसे लोग हैं जिनके उपर आरोप लगे हैं और यदि साबित हुए तो उनको सजा मिली है. ये नीतीश कुमार का संकल्प है कि अपराध और भ्रष्टाचार करके कोई नहीं बचेगा. सरकार ने किसी भी आरोपी को बचाने की कोशिश नहीं की. सत्ता में आने के लिए तो सुशील मोदी के मुंह से लार टपक रहा है, लेकिन सुशील मोदी को इस जन्म में सत्ता का सुख नसीब नहीं है”.

SANJAY-JDU2
फाइल फोटो

 

बता दें कि इससे पहले लालू प्रसाद ने भी सुशील मोदी को टारगेट करते हुए कुछ ऐसा ही कहा था. मौका था आरा-छपरा पुल और दीघा-सोनपुर पुल के उद्घाटन समारोह का. तारीख थी 11 जून 2017. उस दिन सीएम नीतीश कुमार और राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद एक ही मंच पर थे. विरोधियों को उनके आरोपों का जवाब दे रहे थे.

उसी उद्घाटन समारोह के दौरान लालू प्रसाद ने इशारों-इशारों में बीजेपी नेता सुशील मोदी पर खूब हमला बोला था. लालू प्रसाद ने सार्वजनिक मंच से कहा था कि ”लोग पूछते रहते हैं नीतीश से संबंध ठीक है न ? पता नहीं, क्या-क्या पूछते रहते हैं ? पूछने वालों को पता नहीं है कि बिहार में महागठबंधन की सरकार मजबूती के साथ चल रही है और विकास की राह पर अग्रसर है. कुछ लोग सत्ता में आने के लिए ‘लार’ टपका रहे हैं, लेकिन उन्हें पता नहीं है कि महागठबंधन अटूट है”.

गौरतलब हो कि इन दिनों बिहार की सियासत में महागठबंधन में रार की खबरें खूब सुर्खियां बटोर रही हैं, लेकिन जदयू प्रवक्ता संजय सिंह के बयान से साफ है कि जदयू कहीं न कहीं लालू प्रसाद की बातों से इत्तेफाक रखता है. जो भी हो उपर से देखने पर तो यही लगता है. लेकिन अभी कुछ भी कहना सही नहीं होगा. तेजस्वी यादव के मुद्दे पर सूबे के मुखिया नीतीश कुमार चुप हैं. जदयू की ओर से लगातार कहा जा रहा है कि पार्टी जीरो टॉलरेंस की नीति पर कायम है. ऐसे में महागठबंधऩ में हर बयान के बाद नए कयास जन्म ले रहे हैं.

यह भी पढ़ें-

शिवानंद तिवारी ने उठाया नीतीश के नेतृत्व पर सवाल, कहा- जिद ठान ली है
चिराग को पसंद नहीं है भीड़, दिल्ली में पासवान की कोठी पर अब इंट्री मुश्किल