IAS चंचल कुमार ने भी चीनी को कहा Bye—Bye

लाइव सिटीज डेस्क: खाने की चीजें ऐसी हो जो शरीर को फायदा पहुंचाएं. मानव को स्वस्थ जीवन देने में सहयोग करने वाली हों. मीठा भोजन बच्चों को बेहद पसंद होता है. लेकिन यह उनके स्वास्थ्य के लिए उतनी ही हानिकारक है जितनी की बड़ों की सेहत के लिए. यह बातें स्टूडेंट आॅक्सीजन मूवमेंट के संयोजक विनोद सिंह आजकल सभी को समझा रहे हैं. उनके ‘क्विट शुगर अभियान’ को सभी जगह भरपूर समर्थन भी मिल रहा है.

इसी कड़ी में इस अभियान के लिए समर्थन मांगने विनोद सिंह मुख्यमंत्री बिहार के प्रमुख सचिव चंचल कुमार, आईएएस से भी मिले. उन्होंने आईएसएस चंचल कुमार से लंबी चर्चा करते हुए उन्हें चीनी और उससे होने वाले नुकसान और ​’क्विट शुगर अभियान’ से अवगत करवाया. आईएएस चंचल कुमार ने ‘क्विट शुगर अभियान’ को पूर्ण समर्थन का वादा किया. उन्होंने कहा कि रोजमर्रा के खानपान में हमें और अधिक सर्तकता बरतने की आवश्यकता है. हमें भोजन के लिए वापस प्रकृति की ओर लौटने की आवश्यकता है और प्रोसेस्ड फूड को अपनी थाली से दूर करना होगा.

गुड़ की महत्ता पर प्रकाश डालते हुए आईएएस चंचल कुमार ने कहा कि चूंकि ईख का गुड़ सीधे रस को गर्म करके बनाया जाता है, इसलिए उससे हानि होने की कोई संभावना नहीं है. जबकि चीनी को मिल में तमाम कैमिकल डालकर बनाया जाता है, इसलिए वह शरीर के लिए बेहद हानिकारक हो जाती है. उन्होंने घोषणा की कि ” मैं चीनी छोड़ने की घोषणा करता हूं और अन्य लोगों को भी अब प्रेरित करूंगा कि वह चीनी छोड़कर गुड़ को अपनाएं.”

 

स्टूडेंट आॅक्सीजन मूवमेंट के संयोजक विनोद सिंह ने आईएएस चंचल कुमार का ‘क्विट शुगर कैंपेन’ को समर्थन देने का अनुरोध किया.

उन्होंने व्यक्तिगत, पारिवारिक, सामाजिक, सरकारी तौर पर इस ​अभियान को आगे बढ़ाने के लिए उनका सहयोग भी मांगा.