‘मेरे खिलाफ बोलने से किसी का खूब प्रचार होता है, तो मुझे प्रसन्नता होती है’ गया के बेलागंज में सीएम नीतीश ने विपक्ष पर यूं बोला हमला

लाइव सिटीज, सेंट्रल डेस्क : गया के बेलागंज में सीएम नीतीश ने चुनावी सभा की. जेडीयू प्रत्याशी अभय कुमार कुशवाहा को जीताने की जनता से अपील की. साथ ही बिना नाम लिए लालू-राबड़ी और तेजस्वी यादव पर हमला बोला.

सीएम नीतीश ने कहा कि समाज में तो कुछ लोग बाएं-दाएं करने वाला तो होता ही हैं. लेकिन हमलोग सबकी सेवा की. जब तक आप मौका दीजिएगा तो हम सेवा करते रहेंगे. किसी भी क्षेत्र में कानून का राज नहीं था. हमने कानून का राज कायम किया. इस इलाके में किस प्रकार का सामूहिक नरसंहार हुआ करता था. लेकिन अब खत्म हो गया.



मेरे खिलाफ बोलने से किसी का खूब प्रचार होता है तो मुझे प्रसन्नता है. कुछ लोग बड़े नाराज हैं हमसे, महिलाओं के कहने पर जब शराबबंदी किया तो वो लोग मुझसे नराजा है. किसी को काम करने का ना कोई तजुर्वा है और ना ही कोई अनुभव. हम सभी आपके विकास का काम करते हैं.

हमने आपकी सेवा की, आपका सेवा करना ही हमारा धर्म है. कुछ लोगों के लिए सीमित परिवार है, हमारे लिए पूरा बिहार मेरा परिवार है. हमने आज तक कोई स्वार्थ में कोई काम नहीं किया. लोगों हित में काम किया.

2005 के नवंबर से हमने सबके लिए काम किया. कोई इलाका नहीं बचा है जहां विकास का काम नहीं हुआ है. समाज के हर तबके के लिए काम किया गया. समाज के हाशिये पर खड़ा शख्स को मुख्य धारा में जोड़ने का काम किया गया.

लोगों को पता नहीं चलता है कि कितना काम हुआ है. हम तो आए थे गया तो जीविका समूह के महिलाओं से बात की तो बहुत खुश हुआ. पढ़ी लिखी नहीं है लेकिन बैंक में किस प्रकार से काम होता हैं स्वयं सहायता समूह के महिलाओं को सब ज्ञान है. लक्ष्य 10 लाख पूरा करने के बाद अब 1.20 करोड़ महिलाएं जुड़ गयी है.

15 साल मौका मिला तो कुछ नहीं किया. कौन पूछता था अतिपिछड़ा वर्ग को. लेकिन आज इस वर्ग के विकास के लिए कितना काम किया गया. स्कूलों से सबसे ज्यादा महादलित परिवार और अल्संख्यक परिवार के बच्चे बाहर रह जाते हैं. टोल सेवक, तालिमी मरकज को इस काम में लगाया. मदरसा के उत्थान के लिए हम लोगों ने काम किया.

उन्होंने कहा कि आगे 7 निश्चय पार्ट 2 का ऐलान कर दिया गया है. नयी टेक्नॉलोजी के तहत युवाओं को प्रशिक्षण दिया जाएगा. सभी महिलाओँ को रोजगार लिए 10 लाख का अनुदान दिया जाएगा. कोई बिना काम का नहीं रहेगा. मजबूरी में किसी को बाहर नहीं जाना होगा.

लड़कियों को 12वीं कक्षा पास करने पर 25 हजार और ग्रेजुएट हो जाने पर 50 हजार रूपया दिया जाएगा. हर खेत तक सिंचाई का पानी पहुंचाया जाएगा. हर शहर में वृद्धजन के लिए आवास का इंतजाम किया जाएगा. शहरों में गरीबों के लिए बहूमंजिला इमारत बनाकर उन्हें दिया जाएगा. हर गांव में पशुओं के इलाज के लिए 8-10 पंचायत पर अस्पताल खोला जाएगा. दवा सरकार की तरफ मुफ्त दिया जाएगा.

पति पत्नी की राज में भागे लोग अब बिहार आ रहे हैं, तो काफी खुश हो रहे हैं. कोरोना काल में दूसरे राज्य में फंसे 21 लाख लोगों को 1-1 हजार की मदद दी गयी. 15 लाख लोगों को क्वारंटाइन सेंटर में रखा गया. 5300 रूपया प्रति व्यक्ति खर्च किया गया. मृत्यु दर भी कम हो गया है. कोरोना से डरिए नहीं लेकिन सचेत रहिए.

कुछ लोग तो ऐसे ही कुछ बोलते रहते हैं. केन्द्र सरकार की जारी 2018 के अपराध के आंकड़े में बिहार 23वें नंबर पर आ गया है. विकास का दर 12.5 प्रतिशत हर वर्ष बढ़ा है. प्रति व्यक्ति आय हर वर्ष 10.5 प्रतिशत की बढ़ोतरी हो रही है. यह आंकड़े हमारे नहीं हैं केन्द्र सरकार की ओर जारी किया जाता है.

हर तबके के उत्थान के लिए काम किया. महिलाओं की क्या स्थान था पहले. कितनी महिलाएं जनप्रतिनिधि होती थी. जब हम लोगों को काम करने का मौका मिला तो 50 फीसदी का आरक्षण दिया गया. पोशाक योजना की शुरूआत कराया गया. आगे पढ़ने के लिए साइकिल योजना की शुरूआत 2008 में कराया गया. यहां पर जब साइकिल योजना की शुरूआत की गयी तो दुनिया के कई मूल्क के लोगों ने यहां आकर उसका अध्ययन किया.

लड़कियों के बाद हमने लड़कों के लिए 2010 से साइकिल योजना शुरू कराया. 2008 में स्कूलों में लड़कियों की संख्या स्कूलों में 1.70 लाख से कम थी. लेकिन अब मैट्रिक में लड़का से भी थोड़ा ज्यादा लड़की गयी है. लेकिन कुछ लोगों को कुछ समझ में नहीं आता है.

महिलाओँ को 35 फीसदी का आरक्षण नौकरियों में दिया गया. पुलिस बल में अब महिलाएं दिखायी देती है. दूसरे राज्यों में इतनी महिला पुलिस नहीं है. बाकी सेवाओं में 35 फीसदी महिलाओं को आरक्षण दिया गया. हर घर तक बिजली पहुंचाने का लक्ष्य प्राप्त कर लिया गया. हर घर नल का जल का काम 85 फीसदी पूरा हो गया. हर घर शौचालय का काम लगभग पूरा हो गया.