कृष्णा यादव की आरजेडी में हुई वापसी, पार्टी प्रदेश अध्यक्ष जगदानंद सिंह ने दिलायी सदस्यता

लाइव सिटीज, सेंट्रल डेस्क : कृष्णा यादव की आरजेडी में वापसी हो गयी है. करीब डेढ़ साल बाद पार्टी ने इन्हें निलंबन मुक्त किया. कोरोना के कारण पटना स्थित आरजेडी कार्यालय में सादे समारोह में प्रदेश अध्यक्ष जगदानंद सिंह ने इन्हें पार्टी की सदस्यता दिलायी. इस मौके पर एमएलसी सुनील सिंह समेत कई नेता मौजूद रहे.

कृष्णा यादव की वापसी पर खुशी जाहिर करते हुए जगदानंद सिंह ने कहा कि इनके आने से पार्टी और मजबूत होगी. खासकर खगड़िया में आरजेडी की जमीन काफी मजबूत हो गयी. वहीं कृष्णा यादव ने कहा कि आरजेडी मेरा घर है. वर्तमान समय की मांग और लोगों की सेवा भाव से वो कल भी आरजेडी के साथ थी, आज भी हैं और आगे भी रहेंगी.



साल 2019 में पार्टी विरोधी गतिविधि के कारण कृष्णा यादव को आरजेडी से बाहर का रास्ता दिखा दिया गया था. इन्हें 6 साल के लिए पार्टी से निकाल दिया गया था. तत्कालीन प्रदेश अध्यक्ष रामचंद्र पूर्वे ने पार्टी से निष्कासित करते हुए कहा थी जो लोग पार्टी के भीतर रहकर पार्टी विरोध कार्य करेंगे उन्हें इसी तरह बाहर का रास्ता दिखाया जाएगा.

कृष्णा यादव के निष्कासन को लेकर कहा जा रहा था कि 2019 के लोकसभा चुनाव में खगड़िया से आरजेडी की ओर से उम्मीदवार नहीं बनाए जाने से वो खासा नाराज थी. महागठबंधन से उम्मीदवार नहीं बनाए जाने पर कृष्णा यादव ने सीपीआई ज्वाइन कर लिया. सीपीआई ने उन्हें खगड़िया से प्रत्याशी बना दिया. इससे आरजेडी हाईकमान बेहद नाराज हो गए और उन्हें पार्टी से 6 साल के लिए निष्कासित कर दिया.

आरजेडी के इस फैसले से नाराज कृष्णा यादव ने उस समय पार्टी के खिलाफ मोर्चा खोल दिया. उन्होंने कहा कि राजद धनकुबेरों को टिकट बांट रही है. जमीनी नेताओं को दरकिनार किया जा रहा है. इसका वो विरोध करेंगी. उन्होंने पार्टी हाईकमान से फैसले पर फिर से विचार करने की बात करते हुए कहा कि वो लोगों को एक्सपोज करने का काम करेंगी.