मांझी ने महागठबंधन को कहा बाय-बाय, हम कोर कमेटी में लिया गया फैसला

लाइव सिटीज, सेंट्रल डेस्क : आखिरकार महागठबंधन में टूट हो ही गयी. जीतनराम मांझी ने महागठबंधन के नाता तोड़ने का फैसला लिया है. पार्टी की कोर कमेटी की बैठक में सर्वसम्मति से यह निर्णय लिया गया.

कोर कमेटी की बैठक में सर्वसम्मति से महागठबंधन से नाता तोड़ने का ऐलान किया गया. पार्टी नेताओं की माने तो हम पार्टी के लाख निवेदन के बावजूद भी महागठबंधन में सामंजस्य बैठाने की कोशिश नहीं की गयी. मांझी जी को-ऑर्डिनेशन कमिटी बनाने की मांग करते रहे लेकिन महागठबंधन के बड़े दल मांग को अनसूना करते रहे.



पार्टी के प्रवक्ता दानिश रिजवान ने कहा कि जिस गठबंधन में लोकतांत्रिक मूल्यों का महत्व नहीं हैं वहां रहने का कोई फायदा नहीं. वहीं जेडीयू में हम के विलय की बात को सिरे से खारिज करते हुए दानिश रिजवान ने कहा कि जेडीयू में विलय की दूर-दूर तक कोई संभावना नहीं है.

वहीं सुशांत सिंह राजपूत मामले में मुख्यमंत्री की पहल की सराहना करते हुए दानिश रिजवान ने कहा कि शोकाकुल परिवार को न्याय दिलाने का काम किया गया है. आरजेडी के कुछ नेता इस मामले को लेकर अनर्गल बयान देने का काम कर रहे है.

मांझी का महागठबंधन से नाता तोड़ने के ऐलान के बाद राजनीतिक पंडित की माने तो जेडीयू के साथ मिलकर मांझी बिहार विधानसभा चुनाव लड़ेंगे. जिसके लिए सारी रूपरेखा तैयार कर ली गयी है.

सूत्रों की माने तो जेडीयू अपने खाते से 7 से 9 सीट हम को देने वाली है. जिसको लेकर मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और जीतन राम मांझी के बीच बाते भी हो गयी है. अब देखना होगा की यह सब कयास कबतक सही हो पाता है.