जम्मू-कश्मीर के दूसरे उपराज्यपाल बने मनोज सिन्हा, हाई कोर्ट के चीफ जस्टिस ने दिलाई शपथ

लाइव सिटीज, सेंट्रल डेस्क: पूर्व केंद्रीय मंत्री मनोज सिन्हा ने शुक्रवार को जम्मू-कश्मीर के नए उपराज्यपाल के रूप में शपथ ली. वह यहां के दूसरे उपराज्यपाल और पहले राजनीतिक व्यक्ति हैं. जिन्होंने नए केंद्र शासित प्रदेश में यह जिम्मेदारी संभाली है. गिरीश चंद्र मुर्मू के इस्तीफे के बाद यह पद खाली हुई था. मुर्मू को अब नया सीएजी नियुक्त किया गया है.

राजभवन में आयोजित एक संक्षिप्त कार्यक्रम में जम्मू कश्मीर हाई कोर्ट की मुख्य न्यायाधीश गीता मित्तल ने सिन्हा को शपथ दिलायी. पहले उपराज्यपाल गिरीश चंद्र मुर्मू ने 5 अगस्त को पद से त्यागपत्र दिया था और कल उन्हें भारत का नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक नियुक्त किया गया है. राष्ट्रपति भवन ने कल सुबह मुर्मू के त्यागपत्र को स्वीकार किए जाने और सिन्हा को उपराज्यपाल नियुक्त किये जाने की घोषणा की थी.



मनोज सिन्हा कहा ने कि कश्मीर भारत का स्वर्ग है, मुझे यहां भूमिका निभाने का अवसर दिया गया है. उपराज्यपाल सिन्हा ने कहा कि जम्मू-कश्मीर की आम जनता में विश्वास बहाली, आतंकवाद को समाप्त करना उनके मुख्य लक्ष्यों में शामिल है. आम जनता में सरकार के प्रति विश्वास मजबूत करने के लिए वह उनसे सीधी बात करने का प्रयास करेंगे. इस पर जल्द ही काम शुरू होगा. आम जनता अपनी परेशानियों को लेकर उन तक सीधा पहुंचे, इसकी व्यवस्था की जाएगी. आतंकवाद के खिलाफ जारी अभियान को तेज किया जाएगा.

मनोज सिन्हा तीन बार उत्तर प्रदेश के गाजीपुर संसदीय क्षेत्र के सांसद रह चुके हैं. वह केंद्रीय रेल राज्यमंत्री भी रहे हैं. उन्हें उत्तर प्रदेश के दिग्गज भाजपा नेताओं में गिना जाता रहा है. वर्ष 2017 में उत्तर प्रदेश में जब भाजपा ने विधानसभा चुनावों में जीत दर्ज की तो उन्हें उत्तर प्रदेश का मुख्यमंत्री बनाए जाने की भी चर्चा हुई थी. हालांकि योगी आदित्यनाथ को मुख्यमंत्री बनाया गया.