अब 18+ के वैक्सीनेशन में नहीं होगी देरी, भारत पहुंची रूसी कोरोना वैक्सीन स्पूतनिक-V की पहली खेप

लाइव सिटीज,सेंट्रल डेस्क: देश में 18+ लोगों को वैक्सीनेशन के लिए ज्यादा इंतजार नहीं करना पड़ेगा. रूसी कोरोना वैक्सीन स्पूतनिक-V की पहली खेप भारत पहुंच चुकी है. विमान से हैदराबाद पहुंची है. पहली खेप में 1.5 लाख डोज भारत पहुंचे हैं. वहीं भारत को रूस से अभी वैक्सीन की 50 लाख के करीब डोज मिलेगी. टीका निर्माता की ओर से कहा गया कि आज जबकि भारत ने 18+ के लिए टीकाकरण शुरू किया है तब स्पूतनिक-V की पहली खेप हैदराबाद पहुंच चुकी है.

भारत में रूस के राजदूत एन कुदाशेव ने कहा कि जैसा कि कोरोना से मुकाबले के लिए भारत और रूस का संयुक्त प्रयास जारी है. उम्मीद की जा रही है कि मई के मध्य में या मई के अंत तक वैक्सीन की दूसरी खेप भी भारत पहुंच जायेगी. उन्होंने कहा कि यह कदम भारत सरकार के जीवन बचाने के प्रयासों को और मजबूत करेगा. इससे कोरोना की दूसरी लहर से मुकाबले में भारत को मदद मिलेगी.

उन्होंने कहा कि स्पूतनिक-V दुनिया भर के सभी वैक्सीन से ज्यादा प्रभावी है. यह वैक्सीन वायरस के नये म्यूटेंट पर भी असरदार है. स्पूतनिक-V का स्थानीय उत्पादन जल्द ही शुरू होने वाला है. इसके उत्पादन को धीरे-धीरे बढ़ाकर 850 मिलियन खुराक प्रति वर्ष करने की योजना है.

बता दें कि केंद्र सरकार की ओर से पहले ही घोषणा की गयी थी कि 1 मई से देश के 18 साल से ज्यादा लोगों को कोरोना वैक्सीन लगाया जायेगा. इसके लिए राज्य सरकारों को जरूरी निर्देश दे दिये गये थे. लेकिन देश के कई हिस्सों में वैक्सीन की कमी के कारण अधिकतर जगहों पर वैक्सीनेशन शुरू नहीं किया जा सका. कुछ गिने चुने जिलों में ही 18+ के लिए वैक्सीनेशन शुरू हो पाया है.

भारत में इस समय कोरोना के दो वैक्सीन लगाये जा रहे हैं. सीरम इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया की कोविशिल्ड और भारत बायोटेक की कोवैक्सीन के साथ भारत में टीकाकरण अभियान चल रहा है. अब जबकि राज्यों को अपने पैसे से वैक्सीन खरीदनी है तो वैक्सीन निर्माता आपूर्ति नहीं कर पा रहे हैं. उनका कहना है कि उत्पादन से ज्यादा मांग बढ़ गयी है. कुछ समय चाहिए.