कार्तिक पूर्णिमा के दिन काशी में पीएम मोदी तो बख्तियारपुर के बड़ी ठाकुर मंदिर में सीएम नीतीश ने की पूजा

लाइव सिटीज, सेंट्रल डेस्क : कार्तिक पूर्णिमा के दिन जहां देश के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने काशी विश्वनाथ मंदिर में पूजा अर्चना की, वहीं बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने बख्तियारपुर बड़ी ठाकुरवाड़ी मंदिर में राधा कृष्ण जी का दर्शन किया. इस मौके पर सीएम नीतीश कुमार ने भगवान राधे कृष्ण का विधिवत पूजन किया. साथ ही नवनिर्मित मंदिर प्रांगण का घूम घूमकर अवलोकन किया.

मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने बड़ी ठाकुरवाड़ी के प्रांगण में मंदिर सह राधा कृष्ण जी के नवनिर्मित मूर्ति एवं धर्मशाला का लोकार्पण किया. इस मौके पर मंदिर संचालक समेत कई गणमान्य व्यक्ति मौजूद रहे. बख्तियारपुर के गलियों को देखकर मुख्यमंत्री की बचपन की यादें ताजा हो गयी.



उधर आज प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 23वीं बार अपने संसदीय क्षेत्र वाराणसी पहुंचे. दोपहर में 6 लेन हाईवे का लोकार्पण किया, खजुरी में जनसभा की. शाम को काशी विश्वनाथ मंदिर पहुंचे और बाबा का अभिषेक किया. इसके बाद अलकनंदा क्रूज से राजघाट पहुंच कर दीप प्रज्ज्वलित किया. इस मौके पर काशीवासियों को संबोधित करते हुए कहा कि कोरोना काल में काफी कुछ बदल गया पर काशी की शक्ति और भक्ति नहीं, यही तो मेरी अविनाशी काशी है.

मोदी के संबोधन के साथ ही काशी के 84 घाट 15 लाख दीयों से रोशन हो गए. पीएम ने कहा, “जब त्रिपुरा सुर नामक दैत्य ने पूरे संसार को आतंकित कर दिया था, तब भगवान शिव ने कार्तिक पूर्णिमा के दिन उसका अंत किया था. आतंक, अत्याचार और अंधकार के उस अंत पर देवताओं ने महादेव की नगरी में आकर दीये जलाए थे. दीवाली मनाई थी. देवों की वो दीपावली ही देव दीपावली है.

उन्होंने कहा कि ये देवता कौन हैं, ये देवता तो आज भी हैं, आज भी ये देवता बनारस में दीपावली मना रहे हैं. संतों ने लिखा है कि काशी के लोग ही देव स्वरूप हैं. काशी के नर-नारी तो देवी और शिव के ही रूप हैं. इन 84 घाटों पर इन लाखों दीपों को आज भी देवता ही प्रज्ज्वलित कर रहे हैं, देवता ही ये प्रकाश फैला रहे हैं.