पोस्टमार्टम रिपोर्ट : दम घुटने से हुई IAS अनुराग की मौत

लाइव सिटीज डेस्क : उत्तरप्रदेश की राजधानी लखनऊ के हजरतगंज जैसे पॉश इलाके में आईएएस अनुराग तिवारी का संदिग्ध परिस्थितियों में सड़क किनारे औंधे मुंह शव पड़ा मिलने से हड़कंप मच गया.  मौके पर पुलिस ने पहुँच कर लाश को अपने कब्जे में ले लिया था. फिर आईएएस अनुराग के शव को पोस्टमार्टम रिपोर्ट के लिए सिविल अस्पताल भेजा गया था.

लेकिन पोस्टमार्टम  रिपोर्ट से मौत का राज और भी गहराता जा रहा है. पोस्टमार्टम  रिपोर्ट के अनुसार आईएएस अनुराग की मौत दम घुटने की वजह से हुई है. बता दें कि प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक मृतक का मुंह कुचला हुआ था, सिर पर भी चोट के निशान थे. जिस वजह से सभी हत्या की आशंका जता रहे थे.  

एसएसपी दीपक कुमार के मुताबिक, पीएम रिपोर्ट में अनुराग के शरीर में ऑक्सीजन (एक्सपिसिया) की कमी होना पाया गया है. उनके हार्ट, ब्लड और विसरा को सुरक्षित कर लिया गया है. रिपोर्ट आने पर कारण और स्पष्ट हो पाएगा.

मूलरूप से बहराइच जिले के रहने वाले अनुराग तिवारी कर्नाटक कैडर के 2007 बैच के IAS अधिकारी थे. बताया जा रहा है वह लखनऊ विकास प्राधिकरण के वीसी के साथ उनके 19 नंबर कमरे में मीराबाई मार्ग गेस्ट हॉउस में रुके थे. बुधवार सुबह करीब 6:30 बजे उनका शव मीराबाई मार्ग पर गेस्टहाऊस के निकट लगे ट्रांसफार्मर के सामने सड़क किनारे औंधे मुंह पड़ा मिला.

राहगीरों ने इसकी सूचना पुलिस को दी. सूचना पाकर मौके पर पहुंची पुलिस ने शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया. पुलिस को उनकी तलाशी के दौरान जेब से पर्स और पैसे मिले हैं. पुलिस ने जेब से मिले आईकार्ड के आधार पर उनकी शिनाख्त की. 

मौके पर पहुंचे आला अधिकारी ने कहा

आईएएस अधिकारी का शव मिलने की सूचना मिलते ही आईजी रेंज लखनऊ जय नारायण सिंह, एसएसपी दीपक कुमार सहित कई आला अधिकारी मौके पर पहुंचे.

एसएसपी ने बताया था कि प्रारंभिक पड़ताल में यह सामने आया है कि उन्होंने मंगलवार की रात करीब 11 बजे अपने साथियों के साथ खाना खाया. आशंका है कि वह सुबह मॉर्निंग वॉक पर निकले होंगे और उनकी सड़क पर गिरने से मौत हो गई. पूछताछ में पता चला है कि वह मंसूरी में ट्रेनिंग लेने के बाद दो दिन पहले लखनऊ आये थे. यहां वह गेस्ट हॉउस में रुके थे, उनका पत्नी से हाल में ही डाइवोर्स हुआ था.

एसएसपी ने बताया कि उन्होंने उत्तर प्रदेश टेक्निकल यूनिवर्सिटी से इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग से बीटेक की पढ़ाई की थी. वे फ़ूड सिविल सप्लाइज एंड कंस्यूमर्स अफेयर्स डिपार्टमेंट बैंगलुरु में कमिशनर के पद पर तैनात थे. उन्होंने मधुगिरि के सहायक आयुक्त, कोडागु के उपायुक्त और बेंगलुरु में उप सचिव (वित्त) के रूप में सेवा की है. 

अस्पताल ने कहा शरीर पर नहीं मिले हैं चोट के निशान

सिविल अस्पताल के डॉक्टरों ने बताया कि उनके शरीर पर चोट के निशान नहीं हैं. मुंह पर और सिर में चोट के निशान हैं, लगता है गिरने से हेड इंजरी हुई हो, या फिर हार्ट अटैक भी हो सकता है.  लेकिन पोस्टमॉर्टेम रिपोर्ट में दम घुटने से मौत होने की बात सामने आई है. वहीं आईएएस अधिकारी की मौत की सही ढ़ंग से जांच करने के लिए जिला प्रशासन ने निर्देश दिए हैं.

यह भी पढ़ें-  सड़क के किनारे मिला IAS अधिकारी का शव, जांच में जुटी पुलिस
बर्थ-डे के दिन ही हो गई आईएएस की मौत, प्यार से लोग कहते थे वाटरमैन