लाइव सिटीज, सेंट्रल डेस्कः देश के सीनियर वकील और राजद से राज्यसभा सांसद राम जेठमलानी अब हमारे बीच नहीं रहे. 95 साल की उम्र में उनका निधन हो गया. दरअसल, राम जेठमलानी लंबी बीमारी से पीड़ित थे. उनकी उम्र भी काफी हो चली थी. जेठमलानी ने सात दशक लंबे वकालत के करियर से संन्यास लेने की घोषणा साल 2017 में की थी. 94 साल की उम्र में जेठमलानी ने सात दशक लंबे वकालत के करियर से संन्यास लेने की घोषणा करते हुए कहा था कि वह भ्रष्ट राजनेताओं के खिलाफ लड़ाई जारी रखेंगे.

जेठमलानी देश के सबसे बेहतरीन वकीलों में गिने जाते थे. उन्होंने अपने जीवन में कई बड़े केस लड़े और जीते थे. जेठमलानी दिग्गज वकील होने के साथ-साथ केंद्रीय कानून मंत्री भी रह चुके हैं. राम जेठमलानी पिछले दो हफ्ते से गंभीर तौर पर बीमार थे.

बता दें कि राम जेठमलानी ने राजीव गांधी और इंदिरा गांधी की हत्या के आरोपियों से लेकर चारा घोटाला मामले में आरोपी लालू प्रसाद यादव तक का केस लड़ा था. इसके अलावा वह संसद पर अटैक मामले में अफजल गुरु से लेकर सोहराबुद्दीन एनकाउंटर में अमित शाह का केस भी लड़ चुके थे.

अपने अंदाज़ और अपने तेवर में कभी भाजपा में रहे जेठमलानी अटल बिहारी कैबिनेट में मंत्री बने थे. बाद में पार्टी से 6 साल के लिए प्रतिबंधित होने के बाद अटल बिहारी वाजपेयी के खिलाफ ही चुनाव लड़ने उतर गए थे.