गया में लौंगिया भुईंया से मिले मांझी, जोश और जुनून को किया सलाम

लाइव सिटीज, सेंट्रल डेस्क :  30 साल की कड़ी मेहनत से दूर्गम पहाड़ों का सीना चीरकर नहर बनाने वाले गया के लौंगिया मांझी की चर्चा अब राष्ट्रीय स्तर पर होने लगी है. गया के ही दशरथ मांझी की राह पर चलकर लौंगियां भूईंया ने सिचाई के लिए नहर बना डाला, जहां के लिए सोचना ही नहीं कल्पना करना भी मुश्किल था.

ऐसे लौंगिया भुईंया से मिलने पूर्व मुख्यमंत्री जीतनराम मांझी उनके गांव पहुंचे. गया जिले के बांकेबाजार के कोठीलवा गांव जाकर मांझी ने लौंगियां भुईंया से मुलाकात की. इस दौरान दोनों के बीच काफी लंबी बातचीत हुई. अपनों के बीच जीतनराम मांझी को पाकर लौंगिया भुईंया काफी खुश दिखे. पूर्व मुख्यमंत्री के आऩे की सूचना पर स्थानीय लोगों में काफी खुशी थी.



मांझी ने लौंगिया भुईंया से मिलकर उनकी खूब प्रशंसा की. उनके जोश और जुनून की प्रशंसा करते हुए मांझी ने उनकी हरसंभव मदद का भरोसा दिया. साथ ही इनकी किर्ती को नयी युवा पीढ़ी के लिए एक मिशाल बताया.

लौंगिया मांझी की जुनून और जोश की चर्चा अब बिहार के बाहर होने लगा है. इनकी ख्याती दिनोंदिन बढ़ती जा रही है. आज ही लौंगिया भुईंया की मदद के लिए आनंद महिंद्रा ने हाथ बढ़ाया है. उन्होंने ट्रैक्टर गिफ्ट करने का वादा किया है.

30 सालों के कठिन लगन और परिश्रम की बदौलत लौंगिया भुईंया ने वो करनामा कर दिखाया है. जिसके कायल आज नामी गिरामी कारोबारी और राजनीतिज्ञ हो रहे है. यह सिलसिला अब नहीं थमने वाला है. लौंगिया भुईंया ने 5 किलोमीटर लंबी नहर की खुदाई की प्रेरण कैसे जगी इस बात को उन्होंने मांझी से शेयर किया. जिसे काफी गौर से जीतनराम मांझी ने सुना.